बैंक रोड पर ही पंजाब नेशनल बैंक की मुख्य ब्रांच है। दोपहर 12.24 मिनट पर यहां लाइन लगी हुई थी। जमा काउंटर पर छह लोग खड़े थे। उनमें एक बुजुर्ग व्यक्ति दो हजार रुपये के नोट और जमा पर्ची के साथ अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे। यहां भी दो हजार को लेकर हंसी ठिठोली का हल्का फुल्का माहौल बना हुआ था। पीछे खड़े एक युवक ने बुजुर्ग के हाथों में नोट देखकर कटाक्ष किया। कहा कि चाचा बस एक ही नोट बचा है क्या, बुजुर्ग ने एक बार पीछे की तरफ पलट कर देखा। इसके बाद वह कैशियर की ओर देखने लगे।
नोट नहीं बदलने थे पर चर्चा गुलाबी नोट की ही
दोपहर 12.55 बजे एचडीएफसी बैंक में ग्राहकों की ज्यादा भीड़ नहीं थी। यहां कोई ऐसा ग्राहक नहीं था, जो नोट बदलने आया हो। ग्राहकों से जब पूछा गया तो लोगों ने मजाकिया लहजे में कहा कि अभी थोड़ा इंतजार कीजिए, जिनके पास पैसे होंगे। वह जरूर बदलने आएंगे। यहां नोट के संबंध में बात करने पर बैंककर्मी बातचीत से बचते रहे। बस इतना ही कहा कि जो नियम जारी किए गए हैं, उनका पालन किया जाएगा।
बोले बैंक अधिकारी
भीड़ बढ़ने पर बढ़ा देंगे अलग काउंटर
आईबीआई के निर्देशों का पालन किया जाएगा। सोमवार को कोई भीड़ नहीं रही। यदि भीड़ बढ़ी तो तत्काल अलग काउंटर खोल दिया जाएगा। वरिष्ठ नागरिकों और महिलाओं का विशेष ध्यान रखा जाएगा। नोट बदलने के लिए जो मानक तय हैं। उन पर ध्यान दिया जाएगा। किसी भी ग्राहक को असुविधा नहीं होने दी जाएगी। इसे लेकर किसी को भी घबराने की जरूरत नहीं है। -संजीव कुमार, डीजीएम, एसबीआई।
पहले की तरह ही प्रक्रिया अपनाई जाएगी। वरिष्ठ नागरिकों और महिलाओं के लिए अलग काउंटर बनाए गए हैं। दो हजार रुपये के नोट लेकर आने वाले लोगों का नाम और मोबाइल नंबर दर्ज किया जाएगा। ग्राहक अपने खाते में जितना चाहें, उतना पैसा जमा करा सकेंगे। यदि किसी की केवाईसी अपडेट नहीं है तो उसे अपडेट कराया जाएगा। -मनीष प्रताप सिंह, क्षेत्र प्रमुख, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया।
पिछली बार जैसी स्थिति नहीं है कि ज्यादा भीड़ लगे। लोगों के आने पर ही अंदाजा लग सकेगा कि कितनी भीड़ जुट रही है। इसे देखते हुए व्यवस्था में फेरबदल कर दिया जाएगा। इसके लिए हम लोग तैयार हैं। पूरा प्रयास किया जाएगा कि किसी ग्राहक को कोई दिक्कत न हो। सभी लोग आराम से नोट बदल सकें। आरबीआई की गाइड लाइन का पालन होगा। -एसके सोनकर, जोनल मैनेजर, इंडियन बैंक।
सोमवार को कोई भीड़ नहीं रही। सबकुछ सामान्य था। बैंक में अन्य दिनों की तरह कामकाज हुआ है। नोट बदलने के लिए लोग आएंगे, तो लोगों को पूरी सहूलियत दी जाएगी। आरबीआई की गाइड लाइन के अनुसार रुपये बदले जाएंगे। बैंक की अन्य शाखाओं में इसका ध्यान रखा जाएगा। -रवि प्रकाश, चीफ मैनेजर, पीएनबी, जुबिली रोड।
दो हजार रुपये के नोट खपाने वालों से अब दुकानदार भी मुनाफा कमाने लगे हैं। जो लोग दो से तीन सौ की खरीदारी करने के बाद दो हजार के नोट दे रहे हैं उनसे 50 रुपये बट्टा मांग रहे हैं। गीता प्रेस रोड पर एक किराने के दुकानदार का कहना था, भाई साहब जो लोग दो हजार के नोट लेकर आ रहे हैं समझ लें कि उनके पास काफी नोट पड़ा है। कम रहता तो बैंक में चले जाते। हम लोग भी 50 रुपये काट ले रहे हैं। हालांकि, साहबगंज मंडी में कहीं पर 50 तो कहीं पर 100 रुपये बट्टा लिया जा रहा है।
280 रुपये का बिजली बिल, दे दिया गुलाबी नोट
बिजली निगम के कैश काउंटरों पर भी उपभोक्ता दो हजार रुपये के साथ बिजली बिल जमा कर रहे हैं। दो दिन बाद कैश काउंटर खुला तो बड़ी संख्या में उपभोक्ता अपने बिजली बिल जमा करने आए। गोलघर उपखंड कार्यालय में 280 रुपये का भुगतान करने आए उपभोक्ता मोहित ने दो हजार रुपये का नोट देकर बिजली बिल जमा किया। यह सिलसिला दिनभर चलता रहा। बक्शीपुर खंड के कैश काउंटर पर भी लोग बिजली बिल जमा कर रहे थे। आफताब ने बताया कि उनके घर पर दो हजार रुपये का सिर्फ एक नोट था। परिजनों ने सलाह दी कि बिजली बिल जमा कर दो, उसी में ये नोट भी खप जाएगा। सोमवार को 1370 रुपये के बिजली बिल में दो हजार रुपये देकर जमा कर दिया। सभी बिजली दफ्तरों के कार्यालयों पर लोग अपने बिल जमा करने के लिए दो हजार रुपये के साथ जमा करते दिखे।
पेट्रोलपंपों पर जहां चार दिन पहले इक्का-दुक्का दो हजार के नोट आते थे, वहीं अब यह संख्या बढ़कर लाखों में हो गई है। 100 रुपये का पेट्रोल लेने के लिए लोग दो हजार रुपये का नोट कर्मियों को दे रहे हैं। इसे लेकर पेट्रोल पंप कर्मियों की ग्राहकों से तू-तू मैं-मैं भी हो रही है, लेकिन मजबूरी में कर्मियों को दो हजार के नोट लेने पड़ रहे हैं।
पेट्रोल पंप एसोसिएशन के अध्यक्ष विश्वनारायन सिंह ने बताया कि जब से दो हजार नोट पर आरबीआई ने फैसला सुनाया है, तबसे हर एक पेट्रोल पंप पर दो हजार के नोट आने शुरू हो गए हैं। हर दिन 30 से 40 नोट प्रत्येक पेट्रोल पंप पर आ रहे हैं। इसकी वजह से कई बार कर्मियों की बहस भी हो जा रही है। क्योंकि, वह 100 रुपये का पट्रोल भरा रहे हैं और उसके बदले दो हजार का नोट पकड़ा दे रहे हैं।
ऑनलाइन शॉपिंग बंद, खपा रहे दो हजार के नोट
मोबाइल और उससे जुड़े उपकरण की खरीदारी में भी लोग दो हजार रुपये के नोट खपाने में लगे हैं। हाल यह है कि जो लोग पहले मोबाइल खरीदने के लिए ऑनलाइन भुगतान करते थे, इस समय वही दो हजार रुपये के नोट दे रहे हैं। बलदेव प्लाजा में सोमवार को एक घंटे के दौरान मोबाइल की दो दुकानों पर कई खरीदार आए। सभी ने दो हजार रुपये नोट के साथ मोबाइल खरीदा। उमा इंटरप्राइजेज ने विक्की ने बताया कि लोग ऑनलाइन मोबाइल की खरीदारी में रुचि नहीं ले रहे हैं। विभोर श्रीवास्तव भी कुछ यह बात बताते हैं। कहते हैं, मोबाइल तो छोड़िए, कवर और टैंपर्ड लगवाने में भी दो हजार रुपये के नोट दे रहे हैं। संवाद