गोरखपुर जिले के गुलरिहा थाने में दर्ज रंगदारी के केस में माफिया विनोद उपाध्याय और उनके भाई संजय उपाध्याय के खिलाफ सोमवार को कोर्ट से गैर जमानती वारंट (एनबीडब्ल्यू) जारी हो गया। दोनों दर्ज केस में नामजद आरोपी हैं। इस केस में पुलिस ने विनोद के नौकर छोटू को जेल भेजा था और अन्य आरोपी तभी से फरार चल रहे हैं। उधर, पुलिस विनोद के करीबियों के जरिए उस तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।
जानकारी के मुताबिक, पूर्व जिला शासकीय अधिवक्ता प्रवीण श्रीवास्तव की गुलरिहा इलाके के मोगलहा में जमीन है। उस जमीन पर माफिया विनोद निर्माण नहीं कराने दे रहा था। यहां तक की जमीन को बेचने भी नहीं दे रहा था। इसके एवज में वह रंगदारी मांग रहा था। मामला संज्ञान में आने पर पुलिस ने रंगदारी का केस दर्ज किया और रविवार को पुलिस ने जमीन पर जबरन लिखवाए गए विवादित भूमि के स्लोगन पर भी पेंट पालिश कराकर हटा दिया है।
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अब कोर्ट ने माफियाओं पर शिकंजा कसते हुए कोर्ट से एलबीडब्ल्यू हासिल कर लिया है। इसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने दबिश भी तेज कर दी है। गिरफ्तारी के लिए पुलिस माफिया के अयोध्या, लखनऊ और गोरखपुर के ठिकानों पर दबिश दे चुकी है। हालांकि, पुलिस को अभी तक कामयाबी नहीं मिल पाई है।
पुलिस ने माफिया के कुछ करीबियों को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की है। एसपी नार्थ मनोज अवस्थी ने बताया कि दोनों के खिलाफ कोर्ट से एनबीडब्ल्यू जारी हुआ है। माफियाओं के खिलाफ पुलिस का अभियान जारी है। आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी कर ली जाएगी।