उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में छह साल के अंदर एक ही परिवार के चार लोगों की कुपोषण के कारण हुई मौत पर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने प्रदेश सरकार को नोटिस जारी किया है।
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के रिपोर्ट के अनुसार सरकार से कहा गया कि पोषित आहार, पर्याप्त चिकित्सा व देखभाल और आजीविका के उचित साधनों के बावजूद अगर ये घटना हुई है तो यह मानव अधिकारों के उल्लंघन का गंभीर मुद्दा है।
अधिकार आयोग पैनल ने एक बयान में कहा कि अगर मूलभूत सुविधा के कारण किसी की मौत कुपोषण से हो जाती है तो यह चिंता का विषय है। गौरतलब है कि राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने मीडिया रिपोर्ट के आधार पर इस मामले को संज्ञान में लिया है।
यह घटना उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले के ओझागंज गांव का है। यहां छह साल के अंदर एक ही परिवार के चार लोगों की मौत कुपोषण के कारण हो गई थी। इस मामले को लेकर आयोग ने अपने मुख्य सचिव के माध्यम से यूपी सरकार को एक नोटिस जारी किया, जिसमें जिले में सामाजिक कल्याण योजनाओं के प्रभावी कार्यान्वयन से संबंधित डेटा सहित एक विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है।