देश दीपक वर्मा ने कहा कि ओपीडी में मरीजों की संख्या बहुत ज्यादा है, लेकिन आईपीडी में बहुत कम भर्ती मरीज मिले। जबकि, एम्स जैसे संस्थान में ऐसा नहीं होता है। इसके लिए सभी विभागाध्यक्षों से ओपीडी और आईपीडी में आए मरीजों की सूची मांगी गई है। यह पहला भ्रमण था, इसलिए चीजों को सुधारने का निर्देश दिया गया है। अगली बार आने पर यदि फिर से यहीं कमियां मिलती है तो कार्रवाई की जाएगी। यही वजह है कि सभी कमियों को दूर करने के लिए कार्य योजना बनाने के निर्देश दिए गए हैं।
एमबीबीएस छात्र बोले, खाना ठीक नहीं मिलता
देश दीपक वर्मा ने बताया कि एमबीबीएस छात्रों से वार्ता की गई तो उन्होंने खुलकर अपनी बातें कहीं। छात्रों ने बताया कि उन्हें खाना ठीक से नहीं मिलता है। इस पर एम्स प्रशासन को निर्देश दिया गया है कि छात्रों को अच्छा भोजन उपलब्ध कराएं। इसके लिए कार्ययोजना बनाएं। वहीं छात्राओं ने बताया कि एक कमरे में तीन-तीन लोग रह रह हैं, इस पर एम्स प्रशासन से वार्ता कर समस्या समाधान का निर्देश दिया। कहा कि मैं गोरखपुर का हूं, इसलिए यहां की समस्या को जानता हूं। एक मरीज की तरह मैं एम्स को देखकर इसे आगे ले जाने का काम करुंगा।