एकला बंधे पर नगर निगम की दो हेक्टेयर जमीन पर छह लोगों ने किया था कब्जा
कब्जेदार इस जमीन पर करते थे खेती
संवाद न्यूज एजेंसी
गोरखपुर। नगर निगम ने एकला बंधे पर करीब 10 करोड़ की जमीन को कब्जे से मुक्त कराई। नगर निगम की तरफ से जमीन पर बोर्ड लगाकर कब्जा भी स्थापित कर दिया गया। इस जमीन पर करीब 42 साल से छह लोगों का कब्जा था। कब्जेदार न सिर्फ इस पर खेते करते थे, बल्कि प्लॉटिंग कर बेचने की तैयारी में लगे हुए थे। कुछ दिन पहले नगर निगम ने जमीन की पैमाइश कराई थी।
अपर नगर आयुक्त निरंकार सिंह और प्रवर्तन दल के प्रभारी कर्नल डीके सिंह टीम के साथ नगर निगम की जमीन पर बाउंड्री कर अपना कब्जा ले लिया। अपर नगर आयुक्त ने बताया कि नगर आयुक्त के निर्देशन में अवैध कब्जों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। अभी तक की कार्रवाई में यह जमीन सबसे कीमती जमीन थी, जिसे कब्जे से मुक्त कराई गई है।
बताया कि एकला बंधे के पास गाटा संख्या 1144 रकबा 0.840 हेक्टेयर नगर निगम की जमीन पर अवैध कब्जा था। दिसंबर में निरीक्षण के दौरान इस कब्जे की जानकारी हुई। मौके पर जाकर देखा तो लोगों ने घेरा बनाकर जमीन पर खेती शुरू कर दी थी। लोगों ने आपत्ति जताना शुरू कर दिया। इसी बीच टीम की तरफ से 23 दिसंबर को जमीन पर कब्जा लेने गई।
इस दौरान आरोपी जयप्रकाश सिंह, अजीत कुमार सिंह, जय सिंह, रविंद्र सिंह, पप्पू सिंह और मुन्नी सिंह नगर निगम की टीम पर हमलावर हो गई थी। साथ ही नगर निगम की संपत्ति का बोर्ड और पिलर उखाड़ फेंके थे। नगर निगम के राजस्व निरीक्षक अनिल सिंह की तहरीर पर गीडा थाने में मामले में मुकदमा दर्ज किया गया था। इसी के बाद फिर से इस जमीन पर जाकर कब्जे की कार्रवाई की तैयारी की जा रही थी।
नगर निगम की कार्रवाई में नौसड़, एकला बंधे की इस जमीन पर नगर निगम की तरफ से पिलर लगाकर तार फेंसिंग कर दिया गया। नगर निगम की तरफ से जमीन पर बोर्ड लगाकर कब्जा भी स्थापित कर दिया गया।
कोट
नगर निगम की जमीन पर अवैध कब्जे वाली संपत्ति पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। एकला बंधे के पास दो एकड़ जमीन पर अवैध कब्जा था। इस मामले में छह लोगों पर जबरन कब्जे समेत अन्य मामलों में गीडा थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया था। नगर आयुक्त के निर्देश पर प्रवर्तन दल प्रभारी के साथ पहुंच जमीन को कब्जा मुक्त कराकर नगर निगम के कब्जे में ले लिया गया।
निरंकार सिंह, अपर नगर आयुक्त