गोरखपुर। डिजिटल दुनिया में डेटा को सुरक्षित रखने की दिशा में एमएमएमयूटी के शोधकर्ताओं ने अहम तकनीक विकसित की है। यह तकनीक कम हार्डवेयर संसाधनों में तेज गति से उच्च गुणवत्ता वाले प्स्यूडो-रैंडम नंबर तैयार कर सकती है।
इन नंबरों का इस्तेमाल डिजिटल सिस्टम में डेटा को सुरक्षित रखने और संचार को अधिक भरोसेमंद बनाने में किया जाता है। इस तकनीक का उपयोग साइबर सुरक्षा, इंटरनेट ऑफ थिंग्स, डिजिटल कम्युनिकेशन, एम्बेडेड इलेक्ट्रॉनिक्स और वैज्ञानिक कंप्यूटिंग में किया जा सकता है। भविष्य में ऑनलाइन लेनदेन, स्मार्ट डिवाइस, कनेक्टेड होम और इंटरनेट आधारित सेवाओं की सुरक्षा और कार्यक्षमता बढ़ाने में भी इसका उपयोग संभव है।
तकनीक की खासियत यह है कि इसमें कैओटिक सिस्टम, डिजिटल हार्डवेयर और साइबर विश्वविद्यालय के इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग के प्रो. आरके चौहान और डॉ. मंगलदीप गुप्ता को इस तकनीक के लिए पेटेंट मिला है।ी