शासन के निर्देश पर गोरखपुर विकास प्राधिकरण द्वारा बृहस्पतिवार को बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह में आयोजित मानचित्र समाधान दिवस में 55 आवेदन पहुंचे। जीडीए उपाध्यक्ष महेंद्र सिंह तंवर के नेतृत्व में प्राधिकरण की टीम ने सभी के आवेदनों की खामियों के बारे में आवेदकों को बताते हुए उन्हें जरूरी प्रपत्र जमा कर मानचित्र स्वीकृत कराने के लिए प्रेरित किया।
वहीं जिनके आवेदन छोटी-छोटी कमियों के कारण लटके हैं, उनका निस्तारण एक सप्ताह में हो जाएगा। इस संबंध में जीडीए उपाध्यक्ष ने निर्देश जारी कर दिए हैं। इनमें नगर निगम, अर्जन, सीलिंग जैसे विभागों से अनापत्ति न लगने जैसे कारण प्रमुख हैं। इसी तरह तकनीकी वजहों से जिनके आवेदन लटके हैं, उसके निस्तारण के लिए प्राधिकरण के सचिव यूपी सिंह के नेतृत्व में कमेटी बनाई गई है।
वर्तमान में मानचित्र के 200 से अधिक आवेदन जीडीए में लंबित हैं। इनके जल्द निस्तारण के उद्देश्य से ही मानचित्र समाधान दिवस का आयोजन किया गया। जीडीए उपाध्यक्ष ने पोर्टल पर लगाई गई आपत्तियों का अध्ययन किया। पता चला कि कई आवेदनों के साथ जरूरी प्रपत्र नहीं लगाए गए थे।
इसके अलावा कुछ आवेदन प्राधिकरण अथवा कालोनाइजर द्वारा लेआउट स्वीकृत कराकर विकसित की गईं आवासीय कॉलोनियों से जुड़े मानचित्र के थे। छोटे भूखंडों पर मानचित्र पास कराने में आ रही समस्या को लेकर शासन से मार्गदर्शन प्राप्त करने का निर्णय लिया गया।
जीडीए उपाध्यक्ष ने बताया कि हर महीने के पहले बृहस्पतिवार को मानचित्र समाधान दिवस आयोजित किया जाएगा। शिविर के दौरान प्रभारी मुख्य अभियंता किशन सिंह एवं अन्य अभियंता व अधिकारी उपस्थित रहे।