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Gorakhpur News: जूनियर डॉक्टरों ने मरीज और तीमारदारों को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा

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बीआरडी मेडिकल कॉलेज में तीमारदारों से अभद्रता का वीडियो बनाने पर भड़के जूनियर डॉक्टर
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बस्ती के वाल्टरगंज की युवती को सांप के डंसने के बाद कराया गया था भर्ती



तीमारदारों पर ऑक्सीजन सिलिंडर की नॉब खोल आग लगाने की कोशिश का आरोप



अमर उजाला ब्यूरो



गोरखपुर। बीआरडी मेडिकल कॉलेज में एक बार फिर जूनियर डॉक्टरों के कृत्य ने शर्मसार कर दिया। यहां मंगलवार को मेडिसिन इमरजेंसी वार्ड में भर्ती मरीज और उसके तीमारदारों को जूनियर डॉक्टरों ने सिर्फ इसलिए दौड़ा-दौड़ाकर पीटा कि वे दूसरे तीमारदारों के साथ अभद्रता का वीडियो बना रहे थे। मारपीट होती देख जब पुलिस पहुंची तब जूनियर डॉक्टरों के चंगुल से मरीज और परिजनों को छुड़ाया गया।



उधर, जूनियर डॉक्टरों ने तीमारदारों पर ऑक्सीजन सिलिंडर की नॉब खोल आग लगाने की कोशिश का आरोप लगाया। मरीज की बहन ने जूनियर डॉक्टरों पर मारपीट का आरोप लगाते हुए पुलिस को तहरीर दी। इसकी जांच पुलिस कर रही थी कि इसी बीच देर शाम दोनों पक्षों में समझौता हो गया।
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जानकारी के अनुसार, बस्ती के वाल्टरगंज थाना क्षेत्र के डम्मरजोत निवासी सावित्री (20) को सोमवार को सांप ने डंस लिया। परिजनों ने जिला चिकित्सालय बस्ती में भर्ती कराया, जहां से डॉक्टरों ने उसे बीआरडी मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। मेडिकल कॉलेज में सोमवार रात 10:30 बजे सावित्री को वार्ड नंबर 11 मेडिसिन इमरजेंसी में भर्ती कराया गया था।



मंगलवार की दोपहर वार्ड में किसी तीमारदार से जूनियर डॉक्टरों ने अभद्रता की तो सावित्री की बड़ी बहन सोनी मोबाइल से वीडियो बनाने लगी। इसपर जूनियर डॉक्टरों ने मोबाइल छीनकर मोबाइल का डाटा डिलीट कर दिया। इस पर जूनियर डॉक्टरों से कहासुनी हो गई। मरीज और तीमारदार वार्ड से बाहर आकर छुट्टी करने की बात कहने लगे। इस पर गायनी विभाग के गलियारे के चैनल गेट के पास लगभग 10 की संख्या में जूनियर डॉक्टर मरीज के भाई सोनू चौहान व बहनों को बुरी तरह पीटने लगे।



डॉक्टरों का आरोप है कि तीनों भाई-बहन ने वहां स्ट्रेचर पर रखे ऑक्सीजन सिलिंडर की नॉब खोल दी। इससे डॉक्टर पीछे हट गए और वहां भगदड़ मच गई। वहां अफरा-तफरी का माहौल हो गया। इसके बाद नाराज जूनियर डॉक्टर मरीज, उसकी बहन और भाई को मारते-पीटते मेडिकल काॅलेज के गेट तक ले गए। इसी बीच मेडिकल चौकी पुलिस ने पहुंच कर तीनों की जान बचाई।



बताया जा रहा है कि पुलिस का सहारा मिलते ही दोनों बहनें जूनियर डॉक्टरों पर हमलावर हो गईं। दो जूनियर डॉक्टरों को चोटें भी आईं। घटना के बाद पुलिस व जूनियर डॉक्टरों के बीच भी काफी देर तक कहासुनी हुई। बीच-बचाव कर गुलरिहा पुलिस मरीज व उसके भाई-बहन को मेडिकल चौकी लेकर गई।
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वर्जन



मेडिकल कॉलेज में बार-बार जूनियर डॉक्टरों द्वारा मारपीट करने का मामला प्रकाश में आ रहा है। इसे लेकर प्रधानाचार्य को पत्र भेजा जा रहा है। जूनियर डॉक्टरों की काउंसिलिंग कराने की जरूरत है। परिजनों ने तहरीर दी थी, लेकिन देर शाम दोनों पक्षों ने सुलह कर लिया।



- योगेंद्र सिंह, सीओ गोरखनाथ
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