मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि चौरीचौरा शताब्दी समारोह के तहत पूरे प्रदेश में साल भर तक कार्यक्रम होंगे। इस दौरान प्रत्येक जिले के सभी शहीद स्थलों पर माह में एक बार जरूर कार्यक्रम आयोजित किए जाएं और यह भी सुनिश्चित किया जाए कि इन कार्यक्रमों में ज्यादा से ज्यादा जन सहभागिता हो। साथ ही सप्ताह में एक दिन शहीद स्मारकों पर पुलिस बैंड भी अपना कार्यक्रम करें।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को चौरीचौरा शहीद स्मारक का निरीक्षण करने के बाद अफसरों के साथ बैठक कर चार फरवरी को वहां होने वाले मुख्य कार्यक्रम की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए कि चौरीचौरा शहीद स्मारक की दीवारों पर चौरीचौरा आंदोलन से जुड़े क्रांतिकारियों के चित्र बनाए जाएं। साथ ही स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़े इतिहास एवं साहित्य को संग्रहित कर प्रकाशित करने के साथ ही उनका डिजिटलाइजेशन करने को भी कहा।
इसी तरह उन्होंने स्मारक के सामने रेलवे की भूमि को शहीद पार्क के रूप में विकसित करने और शहीद स्मारक स्थल तक आने वाली सड़क की तत्काल मरम्मत के निर्देश दिए। रेलवे लाइन के आसपास एवं शहीद स्थल तक आने वाली सड़क पर विशेष सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने को भी कहा।
प्रदेश भर में आयोजन का होगा सीधा प्रसारण
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि चौरीचौरा शताब्दी समारोह के लोगो का इस्तेमाल सभी शासकीय पत्राचारों, स्मृति चिह्नों और अन्य स्थानों पर भी किया जाए। सीएम ने चौरीचौरा स्मारक के संग्रहालय में रखी गई प्रतिमाओं के इतिहास को प्रदर्शित करने का निर्देश दिया।
साथ ही चौरीचौरा रेलवे स्टेशन को विकसित करने के लिए रेलवे को प्रस्ताव बनाकर भेजने को कहा। बैठक में सांसद बांसगांव कमलेश पासवान, विधायक चौरीचौरा संगीता यादव, अपर पुलिस महानिरीक्षक दावा शेरपा, कमिश्नर जयंत नार्लिकर, डीएम के. विजयेंद्र पांडियन समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने प्रमुख स्थानों पर चौरीचौरा के इतिहास व लोगो को प्रदर्शित करने का निर्देश दिया ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इसे जान सकें और चौरीचौरा शहीद स्थली को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिल सके। मुख्यमंत्री ने चार फरवरी के मुख्य कार्यक्रम का पूरे प्रदेश में सीधा प्रसारण कराने का भी निर्देश दिया। कहा कि पूरे वर्ष में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों का कैलेंडर बनाया जाए। अन्य दिनों में भी विभिन्न शहीद स्मारकों पर भी कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। प्रदेश के अन्य शहीद स्थलों पर भी कार्यक्रम आयोजित कराए जाएं।
चौरीचौरा आंदोलन से जुड़े परिवार होंगे सम्मानित
चार फरवरी को होने वाले मुख्य कार्यक्रम में चौरीचौरा आंदोलन से जुड़े शहीदों के परिवारों को सम्मानित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने शहीदों के परिजनों को शासकीय योजनाओं का लाभ भी देने का निर्देश दिया।