सीएम तक पहुंचा था मामला, घर पहुंची पुलिस
भटनी। निलंबित इंस्पेक्टर भीष्मपाल की तलाश में एटा पुलिस भी उसके घर पहुंची थी। हालांकि वह नहीं मिला। मामले का संज्ञान स्वयं सीएम योगी आदित्यनाथ ने लिया था। उनके आदेश पर डीजीपी ने उसकी गिरफ्तारी के आदेश दिए थे। इसीलिए एटा पुलिस उसके घर पहुंची थी। इधर, सरेंडर करने से पहले उसे दबोचने के लिए गौरीबाजार इंस्पेक्टर विजय सिंह गौर और भटनी थानाध्यक्ष सुनील तिवारी दिनभर दीवानी कचहरी में जमे रहे। बताया जा रहा है कि भटनी के कुछ लोग सीधे मुख्यमंत्री से जुड़े हैं। क्षेत्र के एक मंदिर में चोरी की घटना को तत्कालीन इंस्पेक्टर भीष्मपाल ने गंभीरता से नहीं लिया था। इसकी शिकायत सीएम तक पहुंची तो उन्होंने कार्रवाई के आदेश दिए। इसके बाद ही उसे निलंबित कर दिया गया था। अश्लील वीडियो वायरल होने का मामला भी इन्हीं लोगों ने सीएम तक पहुंचाया है। एसपी डॉ. श्रीपति मिश्र ने बताया कि थाने में महिला फरियादियों से अश्लील हरकत करने वाले इंस्पेक्टर भीष्मपाल सिंह यादव पर 25 हजार रुपये का इनाम था। उसकी गिरफ्तारी के लिए एक एएसपी, तीन सीओ और छह थाना प्रभारियों को लगाया गया था।