पुलिस को आरोपियों के मोबाइल फोन में 841 ऐसे नंबर मिले जिसपर देह व्यापार से संबंधित नाबालिग लड़कियों के फोटोग्राफ शेयर कर उनके रेट तय किए गए थे। यहीं नहीं आरोपी यूपीआई के जरिये लड़कियों को पेमेंट भी करते थे। ये सभी काम फ्लाई इन होटल के मालिक अनुराग सिंह के इशारे पर होता था। वह पर्दे के पीछे रहकर शहर के आठ होटलों में अनिरुद्ध ओझा के जरिये किशोरियों को सप्लाई करता था।
हुक्काबार की आड़ में देह व्यापार का धंधा चलाने वाले रैकेट के पर्दाफाश के बाद पुलिस ने जब अनिरुद्ध ओझा के फोन से कॉल डिटेल और व्हाट्सएप चैट को रिकवर किया तो कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। फ्लाई इन होटल के मालिक अनुराग सिंह के इशारे पर यह सारा काम होता था। चैट के जरिये ही पुलिस पूरे गैंग तक पहुंची। पुलिस ने सभी फोटोग्राफ व चैटिंग को साक्ष्य के तौर पर विवेचना में शामिल भी किया है।
विज्ञापन
जल्द ही आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई करने की तैयारी है। पुलिस को आरोपियों के मोबाइल फोन में 841 ऐसे नंबर मिले जिसपर देह व्यापार से संबंधित नाबालिग लड़कियों के फोटोग्राफ शेयर कर उनके रेट तय किए गए थे। यहीं नहीं आरोपी यूपीआई के जरिये लड़कियों को पेमेंट भी करते थे। ये सभी काम फ्लाई इन होटल के मालिक अनुराग सिंह के इशारे पर होता था।
वह पर्दे के पीछे रहकर शहर के आठ होटलों में अनिरुद्ध ओझा के जरिये किशोरियों को सप्लाई करता था। मामले की जांच में जुटे सीओ कैंट योगेंद्र सिंह ने साक्ष्यों के साथ फ्लाई इन होटल के मालिक अनुराग से पूछताछ शुरू की तो पता चला कि फ्लाई इन के नाम से उसके दो होटल हैं। एक गीता वाटिका में और दूसरा नंदानगर में है।
इसके अलावा वह मोहनापुर वाले मकान में भी अपने सहयोगियों अनिरुद्ध ओझा, निखिल गौड़, प्रियांशु जायसवाल, मनीषा उर्फ रेश्मा, मुस्कान उर्फ माला पासवान, श्रेय शुक्ला के जरिये देह व्यापार कराता था। इस व्यापार को अनुराग सिंह पर्दे के पीछे रहकर गौरव गुप्ता के जरिये करवाता था।
होटल के डीवीआर में भी मिले साक्ष्य
होटल फ्लाई इन में 11 सीसीटीवी कैमरे चल रहे थे। पुलिस ने डीवीआर खंगाले तो 27 दिसंबर 2024 से नौ जनवरी 2025 तक की रिकाॅर्डिंग मिली। जांच में पता चला कि आरोपी एक महिला के जरिये लड़कियों को होटल में बुलाते थे। इसके बाद उनसे देह व्यापार करवाते थे। इसे पुलिस ने साक्ष्य के तौर पर विवेचना में शामिल किया है।
होटल के कर्मचारियों की मदद से सप्लाई करते थे लड़कियां
इधर राजन उर्फ वसीम अहमद होटल क्राउन पैलेस का पूर्व कर्मचारी था, जो वर्तमान में होटल ताज गीडा में काम करता था। राजन, अनिरुद्ध ओझा के जरिये लड़कियों को बुलाकर कस्टमर को सप्लाई करता था। ऐसे ही विमल विश्वकर्मा भी होटल क्राउन पैलेस का पूर्व कर्मचारी था जो वर्तमान में होटल कृष्णा इन, गीडा का मैनेजर था।
यह था मामला
बीते 31 दिसंबर 2024 को रामगढ़ताल इलाके में किराये पर रहने वाली महिला ने 12 वर्षीय बेटी के लापता होने पर अपहरण का केस दर्ज कराया था। पुलिस ने किशोरी को बरामद कर पूछताछ की तो पता चला कि गीता वाटिका के सामने स्थित हुक्का बार में ले जाया गया था। वहां अनिरुद्ध ओझा ने अपने दो साथियों के साथ मिलकर सामूहिक दुष्कर्म किया था।
इसके बाद पुलिस ने 10 जनवरी की रात हुक्का बार में छापा मारकर युवक-युवतियों के साथ दो किशोरियों को पकड़ा था। दोनों किशोरियों ने खुद के साथ गैंगरेप व दूसरे के साथ शारीरिक संबंध बनाने के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया था। उस मामले में भी पुलिस ने किशोरियों के पिता की तहरीर पर गैंगरेप की रिपोर्ट दर्ज की थी।