गोरखपुर शहर और गांव में कोरोना के खात्मे के लिए स्वास्थ्य विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। मोहल्लों और गांवों में निगरानी समितियों को फिर से सक्रिय किया जा रहा है। समितियां जिन लोगों में लक्षण देखेंगी, उन्हें कोरोना जांच के लिए प्रेरित करेंगी, साथ ही स्वास्थ्य विभाग को सूचना देंगी, जिससे की समय रहते ऐसे मरीजों की जांच हो सके और लोगों का समुचित इलाज हो सके।
जानकारी के मुताबिक, नवंबर से कोरोना मरीजों की संख्या कम हो गई थी। विभाग को उम्मीद थी कि दिसंबर माह में यह आंकड़े न्यूनतम स्तर पर आ जाएंगे, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। जनवरी में भी लगातार कोरोना संक्रमित मिल रहे हैं। इस पर विभाग ने यह फैसला लिया है कि कोविड टीकाकरण के साथ ही निगरानी समितियों को दोबारा सक्रिय किया जाएगा।
सितंबर में मिले थे सबसे अधिक मरीज
जिले में सितंबर में सबसे अधिक कोरोना मरीज मिले थे। संक्रमितों की संख्या सिंतबर में 6198 थी। इसके बाद से अक्तूबर में यह संख्या घटने लगी। संक्रमितों की संख्या घटकर 3359 हो गई। नवंबर में यह संख्या 1093 और दिसंबर में 937 तक पहुंच गई है।
सीएमओ डॉ. सुधाकर प्रसाद पांडेय ने बताया कि मोहल्लों और गांवों की निगरानी समितियों को पुन: सक्रिय किया जा रहा है। जिससे की अधिक लोगों की जांच कराकर कोरोना को जल्द से जल्द समाप्त किया जाए। इसके अलावा टीकाकरण की तैयारियां चल रही है।