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Gorakhpur News: बिहार जाने वाली ट्रेनों में चढ़ने के लिए हो रही धक्का-मुक्की, परेशान हो रहे यात्री

Fri, 10 Nov 2023 01:12 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।

सार

दिवाली व छठ पूजा के लिए लोग अपने-अपने घरों को लौटने लगे हैं। ट्रेनों में पूर्वांचल और बिहार के लोगों की भीड़ आ रही है। इसके अलावा तमाम लोग ऐसे भी हैं जो गाड़ी बदल-बदलकर घर पहुंच रहे हैं। बृहस्पतिवार को दोपहर करीब सवा बारह बजे जैसे ही बाघ एक्सप्रेस गोरखपुर जंक्शन के प्लेटफार्म नंबर दो पर पहुंची, यात्री इस ट्रेन की तरफ दौड़ पड़े।
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हावड़ा काठगोदाम एक्सप्रेस में चढ़ने के लिए मारामारी मची है।
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विस्तार
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त्योहार में दिल्ली-मुंबई ही नहीं गोरखपुर से बिहार जाने वाले यात्रियों को भी धक्का-मुक्की झेलनी पड़ रही है। बृहस्पतिवार दोपहर में बाघ एक्सप्रेस के गोरखपुर जंक्शन पहुंचते ही यात्रियों की भीड़ दौड़ पड़ी। कोच के अंदर के यात्रियों को बाहर निकलने के लिए जूझना पड़ा। बिहार जाने वाली अन्य ट्रेनों का भी यही हाल रहा। शुक्रवार को यह भीड़ और बढ़ने की संभावना है।

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दिवाली व छठ पूजा के लिए लोग अपने-अपने घरों को लौटने लगे हैं। ट्रेनों में पूर्वांचल और बिहार के लोगों की भीड़ आ रही है। इसके अलावा तमाम लोग ऐसे भी हैं जो गाड़ी बदल-बदलकर घर पहुंच रहे हैं। बृहस्पतिवार को दोपहर करीब सवा बारह बजे जैसे ही बाघ एक्सप्रेस गोरखपुर जंक्शन के प्लेटफार्म नंबर दो पर पहुंची, यात्री इस ट्रेन की तरफ दौड़ पड़े। भीड़ के चलते स्लीपर कोच भी जनरल जैसा दिख रहा था।

लोग सामान समेत कोच के अंदर घुसने का प्रयास करने के लिए जूझ रहे थे। वहीं अंदर मौजूद यात्री स्टेशन पर उतरने का प्रयास कर रहे थे। सुरक्षा कर्मियों के नहीं होने से लोगों की मुश्किलें और बढ़ गईं। 65 वर्षीय विश्वनाथ प्रजापति सामान समेत भीड़ में दब गए थे, जिन्हें अन्य यात्रियों ने खींचकर बाहर निकाला। स्लीपर कोच में सवार राजलक्ष्मी मिश्रा कोच से निकल नहीं पा रही थीं, जबकि ट्रेन के चलने की सीटी बज चुकी थी।
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नरकटियागंज जाना है, कहां मिलेगी ट्रेन

दिल्ली से गोमती एक्सप्रेस से लखनऊ और वहां से किसी अन्य ट्रेन से गोरखपुर जंक्शन पहुंचे श्रीराम प्रसाद नरकटियागंज के लिए ट्रेन खोज रहे थे। वह भी बाघ एक्सप्रेस में चढ़ने के लिए धक्का-मुक्की कर रहे थे, इसी दौरान पता लगा कि यह नरकटियागंज रूट पर नहीं जाती, तो फिर अपनी ट्रेन खोजने लगे। इसी दौरान किसी ने बताया कि नरकटियागंज वाली ट्रेन अभी लेट है। सुचित्रा बच्चों के साथ कानपुर से छपरा जा रही थीं। गोरखपुर तक गोरखधाम से आई थीं। यहां से छपरा जाने के लिए ट्रेन में चढ़ने का प्रयास कर रही थीं।
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