छात्रों ने भी बताया कितनी दिक्कत हुई
बीए प्रथम सेमेस्टर रवि गुप्ता के छात्र ने बताया कि आज सुबह की परीक्षा में सीटिंग प्लान बाहर नहीं लगाया गया जिस कारण हमारा बहुत समय बर्बाद हो गया। बाद में कमरा नंबर 201 से कहीं भी बैठने को कहा गया।
बीए प्रथम सेमेस्टर के छात्र अमित यादव ने बताया कि परीक्षा में इस तरह की लापरवाही से हमारा समय नुकसान होता है। हाल में बैठने के लिए भाग दौड़ मची थी। जगह नहीं मिलने से खड़े होकर परीक्षा दिया।
छात्र गौरव पांडेय ने बताया कि सुबह 11:30 से पेपर था, फोन नहीं था तो पता नहीं कितने समय तक हम क्लास के लिए दौड़े। किसी तरह से पेपर हुआ है। एक सीट पर 6-6 लोगों ने बैठ कर परीक्षा दी। जिस कारण से लिखने में ज्यादा दिक्कत आई।
छात्र दिव्यांश सिंह ने बताया कि इस तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए। परीक्षा के पहले माहौल अशांत होने से पेपर पर असर पड़ता है। पिछले पेपर में कबूतर की गंदगी के पास बैठा था इस बार खड़े होकर पेपर दिया हूं।