गोरखपुर में भवन निर्माण की राजस्थानी शैली ‘गजीबो’ और ‘पालकी’ राजघाट की खूबसूरती बढ़ाएगी। साथ ही यह पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र भी बनेगी। अंत्येष्टि स्थल के सुंदरीकरण के क्रम में राजघाट को जो नया रूप दिया जा रहा है, उसी के अंतर्गत राजघाट पर लाल पत्थरों से राजस्थानी शैली में विभिन्न प्रकार के निर्माण कराए जा रहे हैं। आने वाले समय में यह अंत्येष्टि स्थल गोरखपुर के पर्यटन स्थलों की सूची में जुड़ जाएगा। जून तक यह सौगात गोरखपुर की जनता को मिल जाने की उम्मीद है।
राप्ती नदी के ‘राजघाट’ का नाम आते ही मन मस्तिष्क में अंत्येष्टि स्थल का ख्याल आता है, लेकिन आने वाले समय में यह एक पर्यटक स्थल बनने वाला है। नगर निगम की ओर से राजघाट का कायाकल्प किया जा रहा है। सुंदरीकरण की जिम्मेदारी सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग को दी गई है। प्रथम चरण में करीब 27.70 करोड़ की लागत से इसका सुंदरीकरण किया जा रहा है। इसके अंतर्गत कार्यदायी संस्था की ओर से राजस्थानी लाल पत्थर से घाट और विभिन्न प्रकार का निर्माण कराया जा रहा है।