कसिहार/गोरखपुर। हिस्ट्रीशीटर दिनेश हत्याकांड में रोजाना नए मामले उजागर हो रहे हैं। अब हिस्ट्रीशीटर के भाई रमेश ने आरोप लगाया कि आरोपी प्रधान बजरंगी पर गैंगस्टर अनिल निषाद, अजय कन्नौजिया को हिस्ट्रशीटर दिनेश के पाले से लाकर मुख्य आरोपी जुगुल से मिलवाया।
वहीं, गोला के आरोपी विवेक सिंह को भी बुलाकर हत्याकांड में शामिल किया। गैंगस्टर अनिल निषाद और अजय कन्नौजिया पहले हिस्ट्रशीटर के साथ थे। वर्तमान में दोनों उससे दूरी बनाए थे। इसी का फायदा आरोपी प्रधान ने उठाया और दोनों को बुलाया था।
गोरखपुर से अपने गांव बेलीपार के भरवलिया जा रहे हिस्ट्रीशीटर दिनेश को चार पहिया सवार बदमाशों ने शनिवार को वाराणसी-गोरखपुर हाईवे पर दौड़ाकर गोली मार कर हत्या कर दी थी। घटना के बाद दिनेश के भाई रमेश ने मुख्य आरोपी जुगुल सहित आठ लोगों को नामजद करते हुए तीन अज्ञात के विरुद्ध केस दर्ज कराया था।
बीते सोमवार की देर मुख्य आरोपी जुगुल निषाद को भागने के दौरान मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया था। मंगलवार को हत्याकांड में नामजद मुख्य आरोपी के पुत्र प्रेम निषाद को भी पुलिस गांव से गिरफ्तार कर लिया। उससे पूछताछ के बाद पुलिस ने ग्राम प्रधान बजरंगी शाही, अजय कन्नौजिया, अनिल निषाद के साथ गोला क्षेत्र का विवेक सिंह का नाम केस में जोड़कर गिरफ्तारी में जुटी थी।
बृहस्पतिवार को ग्राम प्रधान बजरंगी शाही ने सीजेएम कोर्ट में समर्पण कर दिया था। पुलिस उसे रिमांड पर लेने की तैयारी में जुटी हुई है। शुक्रवार को कागजात तैयार नहीं होने के चलते वह न्यायालय में अर्जी नहीं दे सकी।
थानाध्यक्ष विशाल कुमार सिंह ने बताया कि रिमांड पर लेने के लिए कागजात तैयार किए जा रहे हैं। कागजात के अभाव में आज रिमांड के लिए अर्जी नहीं दी गई। कागजात तैयार होने के बाद न्यायालय में रिमांड पर लेने के लिए अर्जी दी जाएगी।
दिनेश के कभी दोस्त थे अनिल व अजय
हिस्ट्रशीटर दिनेश व पुलिस के अनुसार, दिनेश के कभी अनिल और अजय कन्नौजिया दोस्त थे। दूरियां बढ़ी तो आरोप है कि प्रधान बजरंगी ने अनिल और अजय से नजदीकियां बढ़ाईं और हिस्ट्रशीटर के खिलाफ इस्तेमाल किया। आरोप है कि गांव के संत निषाद हत्याकांड में हिस्ट्रशीटर के साथ अनिल निषाद शामिल था।
प्रधान ने गोला के मटिहनिया के विवेक सिंह को भी अपने पाले में किया। इसके बाद मुख्य आरोपी के साथ मिलकर हत्याकांड को अंजाम दिया। रमेश के अनुसार दिनेश की हत्या मुख्य आरोपी जुगुल ने विवेक और अजय के साथ मिलकर की थी। जुगुल के साथ विवेक ने भी हिस्ट्रशीटर दिनेश के सिर में गोली मारी थी। वहीं, अजय ने भी फायर किया लेकिन मिस हो गया।
अनिल, अजय व विवेक पर दर्ज हैं कई आपराधिक मामले
आरोपी अनिल पर बेलीपार, कैंट समेत छह से अधिक मामले दर्ज हैं। वर्ष 2019 में वह दिनेश से नाता तोड़ कर दूरी बना ली थी। अजय कन्नौजिया भी दिनेश के गांव का ही रहने वाला है। वह भी दिनेश के साथ रहता था। बाद में वह भी अलग हो गया था। विवेक सिंह पर हत्या के दो मामले के साथ कई मामले दर्ज हैं। इन दिनों वह शूटर की भूमिका निभाते हुए अपराध की दुनिया में अपना पांव जमा रहा था।
हिस्ट्रीशीटर दिनेश के परिजनों से मिले चौरीचौरा विधायक श्रवण निषाद
बेलीपार क्षेत्र के भरवलिया गांव निवासी हिस्ट्रीशीटर दिनेश के घर शुक्रवार को चौरीचौरा विधायक श्रवण निषाद पहुंचे। परिजनों से मुलाकात कर सांत्वना दी। इस दौरान हिस्ट्रीशीटर की मां सुरसती देवी विधायक को देखकर रोने लगीं। विधायक ने आश्वासन दिया कि जल्द सभी आरोपी गिरफ्तार किए जाएंगे।
विधायक श्रवण निषाद ने कहा कि यह घटना पुरानी रंजिश में हुई है। वर्ष 2016 से अब तक जो लड़ाई दिनेश निषाद ने लड़ी वह जनता जानती है। घटना के पीछे भी जो भी शामिल है, वह बचने वाले नहीं हैं। एसएसपी और एडीजी से बात हुई है। सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर कार्रवाई की जाएगी।
कहा कि जो लोग यहां आकर निषाद के हितैषी होने का रोना रो रहे हैं वह खासकर सचेत रहें। निषाद पार्टी को निषाद का सौदागर कहने वाले खुद निषाद की जमीन हड़प रहे हैं। कहा कि दिनेश के परिजनों के साथ हैं और आगे भी रहेंगे। इस दौरान बड़ी संख्या में निषाद पार्टी के कार्यकर्ता व पुलिस प्रशासन के लोग मौजूद रहे।