चिलुआताल क्षेत्र के फत्तेपुर स्थित निजी अस्पताल में हुई घटना, मौत के बाद शव को बाहर सड़क किनारे रखा
परिजनों ने लगाया इजाज में लापरवाही का आरोप, बोले-इंजेक्शन लगने के बाद बिगड़ी थी हालत
गुलरिहा (गोरखपुर)। चिलुआताल थाना क्षेत्र के फत्तेपुर स्थित एक निजी अस्पताल में रविवार की रात इलाज के दौरान घायल युवक की मौत गई। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। परिजनों ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि एक इंजेक्शन लगाने के बाद मरीज की हालत अचानक बिगड़ी और उसकी मौत हो गई। मौत के बाद शव को बाहर सड़क किनारे रख संचालक और सभी कर्मचारी भाग गए।संचालक और कर्मचारी अस्पताल बंद कर भाग गए। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
जानकारी के मुताबिक, महराजगंज जिले के श्यामदेउरवा क्षेत्र के परतावल निवासी डिंपल उर्फ अभिषेक मद्धेशिया (22) डीजे चलाकर परिवार का भरण-पोषण करता था। बीते सप्ताह परतावल–कप्तानगंज मार्ग पर ऑटो और बाइक की टक्कर में वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। हादसे में उसकी आंत फट गई और जांघ की हड्डी टूट गई थी।
उसे पहले परतावल सीएचसी से बीआरडी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। बीआरडी के डॉक्टरों ने हॉयर सेंटर भेजने की सलाह दी। इस बीच मेडिकल कॉलेज में मौजूद दलालों ने परिजनों को भ्रमित कर चिलुआताल क्षेत्र के फत्तेपुर स्थित निजी अस्पताल भेज दिया।
आरोप है कि रविवार रात करीब दस बजे अस्पताल में एक इंजेक्शन लगाने के बाद डिंपल की हालत अचानक बिगड़ गई और थोड़ी देर में उसकी मौत हो गई। मौत के बाद अस्पताल प्रबंधन ने शव को बाहर रख दिया और संचालक समेत सभी कर्मचारी भाग गए। अस्पताल परिसर से लेकर सड़क तक खून के निशान पाए गए।
घटना की सूचना पर पहुंची डायल 112 पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। फिलहाल चिलुआताल पुलिस मामले की जांच में जुटी है। थाना प्रभारी चिलुआताल सूरज सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। रिपोर्ट आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।