सीएम योगी बोले-बीमारू राज्य से उद्यम प्रदेश बनना यूपी की नई तस्वीर
मुख्यमंत्री ने चंपा देवी पार्क में आयोजित यूपी ट्रेड शो स्वदेशी मेले का किया शुभारंभ
गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जब हम स्वदेशी अपनाएंगे तो कारीगरों, शिल्पियों के श्रम का सम्मान होगा। स्वदेशी से देश का पैसा देश में ही रहेगा और विकास के काम आएगा। उन्होंने लोगों को सचेत करते हुए कहा कि विदेशी वस्तुओं को खरीदने पर उसके मुनाफे का पैसा कई बार देश के खिलाफ, आतंकवाद, नक्सलवाद और अलगाववाद पर खर्च होता है।
सीएम योगी शुक्रवार को चंपा देवी पार्क में आयोजित यूपी ट्रेड शो स्वदेशी मेला के शुभारंभ समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब देश का पैसा स्वदेशी के माध्यम से देश में ही खर्च होगा तो विकसित भारत, विकसित उत्तर प्रदेश और विकसित गोरखपुर का सपना भी तेजी से साकार होगा।
सीएम ने कहा कि जहां इंफ्रास्ट्रक्चर, कारोबारी सुगमता (ईज ऑफ डूइंग बिजनेस) और मजबूत कानून व्यवस्था से सुरक्षा का माहौल हो, तो वहां दुनिया के निवेश को आने से कोई भी नहीं रोक सकता। आज का उत्तर प्रदेश, देश के विकास में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। जब उद्यम लगेंगे तो रोजगार मिलेगा। उद्यम लगेंगे तो कनेक्टिविटी भी बेहतर होगी और उस कनेक्टिविटी की सुविधा का लाभ उद्योग ही नहीं बल्कि आम नागरिकों को भी मिलेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तर प्रदेश ने जो प्रगति की है, उससे वह बीमारू की छवि से बाहर निकलकर देश की अर्थव्यवस्था का ग्रोथ इंजन बन चुका है।
सपना था 2017 के पहले यूपी में उद्यम लगाना
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि वर्ष 2017 के पहले उत्तर प्रदेश में उद्यम लगाना एक सपना था। तब ऐसी अराजकता थी कि लोग यूपी से भागने की फिराक में रहते थे। 2017 के बाद डबल इंजन सरकार में सुरक्षा का जबरदस्त वातावरण बना। जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई गई। उद्योगों से जुड़े नियमों का सरलीकरण किया गया। ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बेहतर बनाया गया। एमएसएमई में एक हजार दिनों तक एनओसी लेने की छूट दी गई। इससे उद्यमिता का जबरदस्त माहौल बना। प्रदेश में जो एमएसएमई यूनिट्स बंद हो रही थीं, उन्हें संजीवनी मिलने लगी। आज एमएसएमई सेक्टर में 96 लाख यूनिट क्रियाशील हैं और इसके जरिये दो करोड़ लोगों को नौकरी और रोजगार मिलना सुनिश्चित हुआ है। सीएम योगी ने कहा कि कृषि के बाद सर्वाधिक रोजगार सृजन एमएसएमई में है। यह संकट के समय में भी रोजगार देने वाला क्षेत्र है। उन्होंने बताया कि कोरोना महामारी के दौर में जब देश के अन्य राज्यों से 40 लाख श्रमिक उत्तर प्रदेश आए, तब उन्हें एमएसएमई सेक्टर का ही सहारा मिला।
उत्तर प्रदेश में बनेगी इलेक्ट्रिक बस
सीएम ने कहा कि उत्तर प्रदेश आत्मनिर्भरता के हर एक क्षेत्र में मॉडल बनता जा रहा है। 2017 के पूर्व उत्तर प्रदेश में मात्र दो एयरपोर्ट की क्रियाशील थे जबकि आज 16 क्रियाशील हैं। देश का सबसे बड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट नोएडा के जेवर में बनाया जा रहा है। राज्य के छह शहरों में मेट्रो ट्रेन की सेवाएं मिल रही हैं। सभी बड़े शहरों में इलेक्ट्रिक बसों का संचालन किया जा रहा है। इस माह प्रदेश में इलेक्ट्रिक बस निर्माण के उद्यम का उद्घाटन भी होने जा रहा है। अब इलेक्ट्रिक बस उत्तर प्रदेश में भी बनेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश का पहला इनलैंड वॉटरवे वाराणसी से हल्दिया तक उत्तर प्रदेश में है। उत्तर प्रदेश इलेक्ट्रॉनिक आइटम के निर्माण का सबसे बड़ा केंद्र बन गया है। देश में अकेले 60 प्रतिशत मोबाइल यूपी में बन रहा है। सीएम ने आश्वासन दिया कि स्वदेशी उत्पादों को लेकर आने वाले समय में वह और बड़ा प्लेटफार्म उपलब्ध कराएंगे। उन्होंने लोगों से स्वदेशी मेले में आने, उत्पाद क्रय करके कारीगरों के श्रम का सम्मान करने की अपील करते हुए कहा कि जीएसटी रिफॉर्म से बाजार में चहल पहल है, जो भी खरीदें, स्वदेशी खरीदें। जो भी गिफ्ट दें, स्वदेशी गिफ्ट दें।