10 मार्च 2022 को दीप नारायण के खाते में दी गई थी रकम, गोरखपुर के दो आरोपियों पर केस
महराजगंज। लक्ष्मीपुर देउरवा गांव के रामदरस धोखाधड़ी के शिकार हो गए। बेटे को नौकरी दिलाने के नाम पर जालसाजों ने 2.20 लाख हड़प लिए। कोर्ट के आदेश पर शनिवार को पुलिस ने नेता सुरहुरवा गांव के दीप नारायण वर्मा एवं बृजेश उपाध्याय निवासी भैसई नरेश टोला भैसई रामदत्त ब्रह्मपुर, थाना चौरीचौरा, गोरखपुर के खिलाफ धोखाधड़ी के तहत केस दर्ज किया है।
न्यायालय में दाखिल वाद में लक्ष्मीपुर देउरवा गांव के रामदरस वर्मा ने बताया कि उनका बेटा मनीष वर्मा नौकरी की तैयारी कर रहा था। इसी बीच दीपनारायण वर्मा निवासी नेता सुरहुरवां से मुलाकात हुई। उसके साथ बृजेश उपाध्याय था। दोनों ने बेटे मनीष की नौकरी जेएपीटी मुंबई में कंप्यूटर मैनेजर पद पर लगवाने के लिए सादे फार्म पर हस्ताक्षर बनवा लिए।
10000 रुपये आवेदन करने के लिए लेकर बोले कि जल्द नौकरी लग जाएगी। कुछ दिन बाद दोनों ने 2,20,000 रुपये की मांग की बोले रकम मिलते ही ज्वाइनिंग लेटर मिल जाएगा। इनकी बातों पर भरोसा करके केनरा बैंक खाते से 10 मार्च 2022 को दीप नारायण के खाते में एक लाख रुपये दे दिया। बृजेश उपाध्याय के खाते में एक लाख रुपये तीन अप्रैल 2023 दे दिया और 20 हजार रुपये फोन पे के जरिये दिया गया।
काफी दिनों तक फोन करने पर नियुक्ति लेटर नहीं भेजे, जिस पर शक हुआ तो क्षेत्र में इनके बारे में पता लगा की दोनों जालसाजी करते हुए लोगों से ठगी करते हैं। 2,30,000 रुपये गबन कर लिया गया। सदर कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक सत्येंद्र कुमार राय ने बताया कि नेता सुरहुरवा गांव के दीप नारायण वर्मा एवं बृजेश उपाध्याय निवासी भैसई नरेश टोला भैसई रामदत्त ब्रम्हपुर, थाना चौरी चौरा, जनपद गोरखपुर के खिलाफ धोखाधड़ी समेत धारा के तहत केस दर्ज हुआ है।