आज शाम से शुरू होगा विसर्जन, नगर निगम ने पूरी कीं तैयारियां
पोखरे तक पहुंचने के लिए बनाया रास्ता, किनारे बैरिकेडिंग और लाइट की भी हुई व्यवस्था
गोरखपुर। शारदीय नवरात्र के समापन के साथ मां दुर्गा की प्रतिमाओं का विसर्जन बृहस्पतिवार शाम से शुरू होगा। नगर निगम ने राप्ती नदी किनारे पांच पोखरे तैयार किए हैं। शहर में स्थापित करीब 1300 प्रतिमाओं का विसर्जन इन्हीं पोखरों में होगा। पर्यावरण की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के निर्देशानुसार इस बार प्रत्यक्ष नदी की जगह कृत्रिम पोखरों में प्रतिमाएं विसर्जित की जाएंगी।
नगर निगम ने राप्ती नदी किनारे पांच कृत्रिम पोखरे तैयार किए हैं। इनमें राजघाट पर तीन, डोमिनगढ़ और महेसरा में एक-एक पोखरे शामिल हैं। अधिशासी अभियंता अशोक भाटी ने बताया कि पोखरों के निर्माण कार्य को पूरा कर लिया गया है। इनके चारों ओर मजबूत बैरिकेडिंग की गई है ताकि भीड़ नियंत्रण और सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
प्रतिमा विसर्जन के दौरान भक्तों और समितियों को किसी तरह की दिक्कत न हो, इसके लिए मुख्य सड़क से पोखरों तक पहुंचने के रास्ते को दुरुस्त किया गया है। लोहे की चादर बिछाकर मार्ग मजबूत किया जा रहा है। वहीं, पोखरे किनारे प्रकाश व्यवस्था, पेयजल सुविधा और अस्थायी कैंप कार्यालय भी बनाए गए हैं।
जिले में इस बार कुल 4330 प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं। इनमें से शहर के बाहर के ग्रामीण इलाकों में विसर्जन के लिए 319 स्थायी और अस्थायी स्थल चिह्नित किए गए हैं। यहां भी सुरक्षा, साफ-सफाई और पेयजल जैसी व्यवस्थाएं की गई हैं।
नगर निगम अधिकारियों का कहना है कि विसर्जन पूरी तरह पर्यावरण-अनुकूल तरीके से होगा। सभी प्रतिमाएं पोखरों में विसर्जित होंगी और बाद में शेष सामग्री का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण किया जाएगा।