गगहा। क्षेत्र के हाटा बाजार में 11 जुलाई को फोरलेन स्थित सर्विस लेन पर नवजात का शव मिला था, जिसे कुत्ते नोच रहे थे। 12 दिन बीतने के बावजूद गगहा पुलिस ने न तो केस दर्ज किया और न ही कोई सुराग जुटाया।
पुलिस ने शव को लावारिस मानकर मोर्चरी भेज दिया था। पोस्टमार्टम के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। पुलिस का कहना है कि शिकायत न मिलने से केस दर्ज नहीं हुआ। सवाल उठता है कि नवजात के लिए वादी कहां से आए? कानूनी प्रावधानों के तहत संज्ञेय अपराध में पुलिस को स्वतः केस दर्ज करना चाहिए लेकिन पुलिस इस जिम्मेदारी से बच रही है।
गगहा थाना प्रभारी सुनील कुमार चौरसिया ने बताया कि जानकारी जुटाई जा रही है। तहरीर मिलने पर केस दर्ज होगा। आवश्यकता पड़ने पर पुलिस वादी बनकर कार्रवाई कर सकती है। संवाद