गोरखपुर में पुलिसवालों के लिए 800 रुपये की परियोजनाओं पर जारी है कार्य
गोरखपुर। पुलिस मकहमे के इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के लिए प्रदेश सरकार गोरखपुर में पुलिस, पीएसी, पीएसी महिला बटालियन और विशेष सुरक्षा बल (एसएसएफ) के लिए हो रहे 800 करोड़ रुपये से अधिक के कार्य करा रही है। इनमें से एक प्रोजेक्ट 26वीं वाहिनी पीएसी में 11 मंजिला बैरक टॉवर भी है, जिसका लोकार्पण बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ करेंगे। इसके अलावा पीएसी महिला बटालियन, पीटीएस, एसएसएफ के भवन और पुलिस ट्रांजिट हॉस्टल का निर्माण कार्य अगले साल तक पूरा हो जाएगा।
26वीं वाहिनी पीएसी (प्रोविंशियल आर्म्ड कांस्टेबुलरी) गोरखपुर परिसर में अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त बहुमंजिला बैरक बनाया गया है। 11 मंजिला बैरक टॉवर बनाने के लिए 11 करोड़ 67 लाख रुपये की लागत स्वीकृत की गई थी। टॉवर के भूमि तल पर डायनिंग हाल, लॉबी किचन, बरामदा, टॉयलेट, दो लिफ्ट, दो स्टेयरकेस का निर्माण कराया गया है। टॉवर के प्रथम तल पर डायनिंग हाल, ओपेन टैरेस, लॉबी, रिक्रिएशन हाल, टॉयलेट, लिफ्ट, स्टेयरकेस निर्मित है। जबकि द्वितीय तल से 11वें तल तक प्रत्येक फ्लोर पर चार कमरे बनवाए गए हैं। इसके अलावा चार टॉयलेट, लिफ्ट और स्टेयरकेस का निर्माण हुआ है। कार्यदायी संस्था लोक निर्माण विभाग (भवन खंड) द्वारा बनाए गए इस बैरक टॉवर में रेन वाटर हार्वेस्टिंग, आरसीसी टैंक, सेप्टिक टैंक, विद्युत आपूर्ति हेतु डीजी सेट, फायर सेफ्टी आदि की भी व्यवस्था की गई है।
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जिले में पुलिसकर्मियों की सुविधा के लिए हो रहे काम
-पीएसी की महिला बटालियन के लिए 225 करोड़ रुपये की लागत से आवासीय भवनों का निर्माण जून 2026 तक पूरा हो जाएगा।
-पीएसी की महिला बटालियन के लिए 119 करोड़ रुपये की लागत से अनावासीय भवनों का निर्माण अगस्त 2026 तक पूरा हो जाएगा।
-पुलिस प्रशिक्षण विद्यालय की क्षमता दोगुना करने के लिए 41 करोड़ रुपये की लागत से आवासीय भवनों का निर्माण मार्च 2026 तक पूर्ण हो जाएगा।
-पुलिस प्रशिक्षण विद्यालय की क्षमता दोगुना करने के लिए 125 करोड़ रुपये की लागत से आवासीय भवनों का निर्माण मार्च 2026 तक पूर्ण हो जाएगा।
-विशेष सुरक्षा बल, द्वितीय वाहिनी के लिए 81 करोड़ रुपये की लागत से अनावासीय भवनों का निर्माण जून 2026 तक पूरा हो जाएगा।
-विशेष सुरक्षा बल, द्वितीय वाहिनी के लिए 186 करोड़ रुपये की लागत से आवासीय भवनों का निर्माण जून 2026 तक पूरा हो जाएगा।
-पुलिस लाइन में 28 करोड़ रुपये की लागत से बहु मंजिला ट्रांजिट हॉस्टल के दो ब्लॉक का निर्माण मार्च 2026 तक पूर्ण हो जाएगा।
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महिला सुरक्षा के लिए हो रहे तमाम कार्य
गोरखपुर। प्रदेश सरकार ने हर जनपद में एंटी रोमियो स्कवायड के गठन से लेकर महिला थाने के अलावा एक अन्य थाने में महिला थानाध्यक्ष की तैनाती की गई। इसके अलावा 78 महिला पुलिस चौकी, वीमेन पावर लाइन 1090, जीआरपी, फायर सर्विस, महिला हेल्प लाइन 181 सेवा का एकीकरण हुआ। महिला व बाल अपराध संबंधी अभियोगों के निस्ताारण में यूपी शीर्ष पर है। यहां निस्तारण दर 99.42 प्रतिशत है।
बड़ी संख्या में की गई महिला पुलिस कर्मियों की नियुक्ति
यूपी पुलिस में 2 लाख 20 हजार 450 पदों पर पुलिस कर्मियों की भर्ती हुई। इसमें 27,178 से अधिक महिला पुलिस कर्मियों को नियुक्त करते हुए 10,378 से अधिक महिला बीटों का आवंटन किया गया है। यूपी में महिला पीएसी बटालियन का नाम रानी अवंतीबाई लोधी, ऊदा देवी और झलकारीबाई के नाम रखा गया। ये बटालियन बदायूं, लखनऊ और गोरखपुर में स्थापित हैं। महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान एवं सशक्तिकरण के लिए मिशन शक्ति 5.0, ऑपरेशन गरुड़, ऑपरेशन शील्ड, ऑपरेशन डिस्ट्रॉय, ऑपरेशन बचपन, ऑपरेशन खोज, ऑपरेशन ईगल, ऑपरेशन रक्षा इत्यादि संचालित किए जा रहे हैं।
सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से हो रही निगरानी
सेफ सिटी परियोजना के तहत महिलाओं, बालिकाओं, बुजुर्गों, बच्चों एवं दिव्यांगजनों को सुरक्षा प्रदान करने के लिए अधिक से अधिक सीसीटीवी कैमरों के अधिष्ठापन, कंट्रोल रूम के माध्यम से मानीटरिंग की जा रही है। 1090 का यूपी-112 से इंटीग्रेशन, 1090 कॉलसेंटर में 80 नए टर्मिनलों की स्थापना, डेटा एनालिटिक्स सेंटर और साइबर सेल सुविधा, 100 पिंक पुलिस बूथों का निर्माण हुआ।
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आईजी पीएसी बोले: सोशल मीडिया पर फैलाई गई अफवाह
गोरखपुर। 26 वीं वाहिनी पीएसी गोरखपुर में रिक्रूट महिला आरक्षियों के विरोध प्रदर्शन पर अपर पुलिस महानिदेशक (पीएसी) मध्य जोन डॉ. प्रीतिंदर सिंह ने कहा कि तकनीकी कारणों से विद्युत आपूर्ति बाधित होने से अस्थायी रूप से जलापूर्ति प्रभावित हुई थी। आईजी पीएसी के अनुसार, बाथरूम में कैमरा लगाने की बात पूरी तरह से निराधार और तथ्यहीन है, सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाई गई है। महिला रिक्रूट्स के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग करने वाले को निलंबित कर दिया गया है।