इंतजाम पर बस चालकों ने फेरा पानी, जाम से बचने को यातायात पुलिस ने की है प्लानिंग
बस चालकों की मनमानी से समस्या जस की तस, शहर के बाहरी हिस्से से जब तक नहीं चलेंगी बसें, बना रहेगा जाम
गाेरखपुर। त्योहारों के समय जहां यात्रियों की संख्या बढ़ गई है, वहीं शहर के मुख्य मार्गों पर जाम की समस्या और गंभीर होती जा रही है। इसे देखते हुए यातायात पुलिस ने सोमवार से रेल म्यूजियम के पास डायवर्जन किया है। पहल अच्छी है लेकिन रोडवेज बस चालकों की मनमानी से पहले ही दिन यह जाम की वजह बन गई। चालक बीच सड़क पर ही बसें रोककर सवारी भरने लगे और जाम लगता गया।
यूनिवर्सिटी चौक और रेलवे बस स्टेशन के पास जाम न लगे, इसके लिए रेल म्यूजियम के पास डायवर्जन किया गया है। बसें वहां से डायवर्ट कर रेलवे स्टेशन होते ही बस स्टेशन तक आ रही हैं। वहीं, बस स्टेशन के सामने भी एक लेन को खोल दिया गया है। इससे काफी हद तक राहत भी मिली है। हालांकि सोमवार सुबह करीब 11:30 बजे रेल म्यूजियम के पास जहां डायवर्जन किया गया है वहीं बसें रोककर चालक सवारियों को चढ़ारते-उतारते रहे। इससे ट्रैफिक पुलिस भी परेशान रही।
वहीं, नौसड़ बस अड्डा से भी वाराणसी-प्रयागराज की सभी बसें नहीं चलाई जा रही हैं। इन बसों को भी शहर में भेज दिया जा रहा है। जाम की वजह ये बसें भी हैं।
रोडवेज ने त्योहारों को देखते हुए अतिरिक्त बसें चलाने की योजना बनाई है लेकिन शहर के अंदर से ही बसों के संचालन के कारण मुख्य मार्गों पर दबाव बढ़ गया है। सोमवार को शहर के मुख्य बाजारों में भी जाम की स्थिति बनी रही। टाउन हॉल, गोलघर, यूनिवर्सिटी चौक आदि जगहों पर वाहन रेंगते रहे। जानकारों का कहना है कि जब तक बस अड्डे के शहर के बाहर नहीं किया जाएगा यह समस्या बनी रहेगी।
एसपी ट्रैफिक राजकुमार पांडेय ने बताया कि रोडवेज के पास जाम न लगे, इसलिए एक लेन को खोल दिया गया है। रेल म्यूजियम के पास डायवर्जन कर बसों को रेलवे स्टेशन की तरफ मोड़ा जा रहा है ताकि यूनिवर्सिटी चौक के पास जाम न लगे।