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Gorakhpur News: माफिया का भाई बताकर मांगी रंगदारी, नहीं दी तो फायरिंग

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शाहपुर के शताब्दीपुरम कॉलोनी की घटना, बाइक सवार युवकों ने घर के बाहर कार पर चलाई गोली
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सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई घटना, फुटेज व सर्विलांस के जरिये आरोपियों की तलाश कर रही पुलिस



गोरखपुर। मुठभेड़ में मारे जा चुके माफिया विनोद उपाध्याय के भाई का नाम लेकर एक करोड़ की रंगदारी मांगने और नहीं देने पर फायरिंग का मामला सामने आया है। बाइक सवार दो युवक सोमवार रात शाहपुर के शताब्दीपुरम कॉलोनी में रहने वाले प्रॉपर्टी डीलर सोमनाथ शुक्ल उर्फ अंकु शुक्ल के घर के बाहर खड़ी कार पर गोली चलाकर भाग गए।



सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस ने संदेह के आधार पर तीन लोगों को हिरासत में लिया है। पूछताछ चल रही है। पुलिस की आरंभिक जांच में माफिया विनोद के भाई के इस मामले में शामिल होने की बात गलत निकली है।
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जानकारी के मुताबिक, 18 व 23 फरवरी को सोमनाथ शुक्ल के मोबाइल पर एक अंजान नंबर से कॉल आई थी। कॉल करने वाले ने खुद को माफिया विनोद उपाध्याय का भाई संजय उपाध्याय बताया और धमकी दी-होटल बना रहे हो, मुझे भी एक करोड़ रुपये चाहिए। अगर बात नहीं मानी तो अंजाम बुरा होगा।



हालांकि, सोमनाथ शुक्ल ने इस धमकी को हल्के में लिया और इसे मजाक समझकर नजरअंदाज कर दिया। सोमवार रात में 11 बजे दोस्त के घर जन्मदिन की पार्टी से लौटे सोमनाथ सरिया तौलवाने चले गए। रात में 11:32 बजे बाइक से पहुंचे दो युवकों ने दरवाजे पर खड़ी उनकी कार पर गोली चला दी। आवाज सुनकर नीचे आए बेटे ने घटना की जानकारी फोन कर दी।



अज्ञात व्यक्ति ने माफिया का भाई बनकर की कॉल



पुलिस की शुरुआती जांच में खुलासा हुआ है कि सोमनाथ शुक्ल को धमकी देने वाला वास्तव में संजय उपाध्याय नहीं था। किसी अज्ञात व्यक्ति ने माफिया का नाम इस्तेमाल कर रंगदारी मांगने की कोशिश की थी। नंबरधारक अज्ञात व्यक्ति के विरुद्ध रंगदारी मांगने और हत्या की कोशिश करने का केस दर्ज किया है।



एसटीएफ से मुठभेड़ में मारा गया था माफिया



गोरखनाथ के धर्मशाला बाजार में रहने वाले विनोद उपाध्याय का नाम प्रदेश के 61 और जिले के टाप-10 अपराधियों की सूची में शामिल था। एक साल पहले एसटीएफ ने मुठभेड़ में उसे मार गिराया था। उसके भाई संजय उपाध्याय को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भिजवा दिया था, लेकिन वह दो महीने पहले ही जमानत पर बाहर आया है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि फायरिंग करने वाले युवक किस गैंग से जुड़े हैं। इसके अलावा, काॅल डिटेल के आधार पर यह भी पता लगाया जा रहा है कि धमकी देने वाला व्यक्ति कौन था। उसका असली मकसद क्या था।
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वर्जन



सर्विलांस और क्राइम ब्रांच की मदद से आरोपियों की तलाश की जा रही है। सीसीटीवी कैमरे में फुटेज में बाइक सवार दो युवक दिखे हैं, जिनके बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। प्रॉपर्टी डीलर को सुरक्षा मुहैया कराई गई है। इलाके में गश्त बढ़ा दी गई है। जल्द ही मामले का पर्दाफाश किया जाएगा।



- अभिनव त्यागी, एसपी सिटी
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