269.63 करोड़ रुपये की लागत से होगा निर्माण, नवंबर 2028 तक पूर्ण करने का लक्ष्य
गोरखपुर। रेलवे स्टेशन रोड स्थित सिंचाई विभाग के नलकूप परिसर में प्रस्तावित अत्याधुनिक एकीकृत मंडलीय कार्यालय के निर्माण की तैयारी तेज हो गई है। गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने शासन से नलकूप परिसर के आवासों और कार्यालयों को ध्वस्त कराने की अनुमति मांगी है। योजना के अनुसार नवंबर के पहले पखवाड़े में ध्वस्तीकरण का कार्य शुरू हो जाएगा, ताकि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हाथों परियोजना का शिलान्यास कराया जा सके।
जीडीए अधिकारियों के अनुसार, नलकूप परिसर के सभी 69 आवासों को प्राधिकरण की आवासीय योजनाओं लोहिया और वसुंधरा में शिफ्ट किया जा रहा है। कर्मचारियों को आवंटन पत्र सौंपे जा रहे हैं, ताकि वे बिजली, पानी जैसी आवश्यक सुविधाओं के लिए आवेदन कर सकें। जिन कर्मचारियों ने जीडीए की कॉलोनी में आवास लेने से इन्कार किया है, वे एचआरए लेकर निजी मकान किराए पर ले सकेंगे। हालांकि, कॉलोनी में रहने वालों का एचआरए सीधे प्राधिकरण को देय होगा। इसी क्रम में नलकूप परिसर में संचालित कार्यालयों को भी शहर के व्यस्त क्षेत्र गोलघर स्थित जीडीए टावर में स्थानांतरित किया जा रहा है। जीडीए टावर के चौथे, पांचवें और छठे तल पर इन कार्यालयों की व्यवस्था की जा रही है।
जीडीए के मुताबिक, रेलवे स्टेशन के निकट स्थित 13.53 एकड़ भूमि पर बनने वाले इस एकीकृत मंडलीय कार्यालय का निर्माण गुरुग्राम की फर्म मेसर्स इंद्रजीत मेहता कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड को सौंपा गया है। लगभग 269.63 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली इस परियोजना को 30 नवंबर 2028 तक पूरा किया जाएगा।