गोरखनाथ के इन दुकानों को दी गई है नोटिस।
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मोहद्दीपुर-जंगल कौड़िया फोरलेन के निर्माण में फरवरी के पहले सप्ताह से तेजी आने की उम्मीद है। कार्यदायी संस्था पर खुद मुख्यमंत्री ने सख्ती की है। बुढ़वा मंगल तक मंदिर में खिचड़ी चढ़ाने वाले श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटती है। ऐसे में 28 जनवरी के बाद गोरखनाथ मंदिर की भी दुकानों को तोड़ा जाना शुरू कर दिया जाएगा। फोरलेन की जद में आ रहे सभी दुकानदारों को नोटिस भेजा जा चुका है। खुद मुख्यमंत्री गोरखनाथ मंदिर की कई दुकानों को गिराने के लिए बहुत पहले अपनी रजामंदी दे चुके हैं। बुढ़वा मंगल की वजह से इन्हें अभी तोड़ा नहीं जा रहा था।
फोरलेन की चौड़ाई वैसे 20 मीटर होती है, पर कम से कम लोगों को नुकसान हो इसलिए शहरी क्षेत्र में इसे 12 मीटर किया गया है। करीब दो सौ दुकानें तोड़ी जानी हैं । इनमें सबसे ज्यादा दुकानें गोरखनाथ मंदिर की है। आठ दुकानें धर्मशाला क्षेत्र की हैं। इनमें चार नगर निगम तो बाकी प्राइवेट हैं। 326 करोड़ की लागत से प्रस्तावित 17.5 किमी लंबे इस फोरलेन का निर्माण अगस्त 2020 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। गोरखपुर आगमन के दौरान 19 जनवरी को मुख्यमंत्री ने इस फोरलेन की प्रगति पूछी थी। उन्होंने एनएच के परियोजना प्रबंधक को समय से काम पूरा कराने का निर्देश दिया जिसके बाद विभाग हरकत में है।