पिछले वर्ष 20 रुपये किलो बिका था लहसुन
लहसुन व्यापारी आकाश गुप्ता ने बताया कि पिछले वर्ष लहसुन का उत्पादन अधिक होने से थोक में लहसुन 15 रुपये किलो तक बिका था, वहीं खुदरा में भी लहसुन 20 रुपये किलो तक बिका था, लेकिन इस साल असमय बारिश ने लहसुन की फसल को नुकसान पहुंचाया है। इससे इस लहसुन की पैदावार कम हुई और इसके दाम आसमान पर पहुंच गए।
सब्जी सस्ती होने के बाद भी नहीं हो रहा है मुनाफा
रेस्टोरेंट संचालक प्रणव ने बताया कि लहसुन के महंगा होने से सब्जियों पर मिलने वाला मुनाफा नहीं मिल रहा है। क्योंकि, सब्जियों में लहसुन की मात्रा कम होने से सब्जियों का स्वाद बिगड़ जाता है, ऐसे में महंगा होने के बाद भी लहसुन का इस्तेमाल सब्जियों में उतना ही किया जा रहा है, जितना पहले किया जाता था।