बेलीपार के कनइल निवासी एक 16 वर्षीय किशोर में भी कोरोना पॉजिटिव की पुष्टि हुई है। किशोर के पिता की मौत 30 मई को हो चुकी है। मौत के बाद रिपोर्ट पॉजिटिव आने पर गांव पर कनलई गांव के 72 लोगों के नमूने लिए गए थे। इसके बाद से ही गांव में हड़कंप मचा था। रविवार की देर शाम रिपोर्ट पॉजिटिव आने पर गांव में लोग फिर से डर गए हैं। हालांकि गांव के 25 लोगों की रिपोर्ट निगेटिव आई है।
पति कोरोना संक्रमित, पत्नी की कोरोना से मौत
बीआरडी मेडिकल कॉलेज में चिलुआताल क्षेत्र के महेसरा निवासी 45 वर्षीय महिला की कोरोना से मौत हो गई है। महिला अपने पति व तीन बच्चों के साथ 22 मई को मुंबई से आई थी। उसकी तबीयत आठ माह से खराब चल रही थी। आने के बाद पति कोरोना पॉजिटिव पाया गया था। पति ने बताया कि पांच जून को गोरखनाथ स्थित एक अस्पताल में इलाज कराने गई थीं। वहां से मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। तभी से यहीं भर्ती थी।
डॉक्टर का केस गोरखपुर में जुड़ा
बीआरडी मेडिकल कॉलेज के एनेस्थीसिया के जूनियर डॉक्टर भी शनिवार को कोरोना पॉजिटिव मिला था। लेकिन उसका केस गोरखपुर के खाते में इसलिए नहीं जोड़ा गया था कि वह दक्षिण भारत का रहने वाला था। लेकिन शनिवार को सीएमओ ने उसे गोरखपुर के खाते में जोड़ दिया। इसके बाद से मरीजों की संख्या 135 हो गई है।
बीआरडी मेडिकल कॉलेज के गायनी विभाग की जूनियर डॉक्टर के कोरोना पॉजिटिव मिलने के बाद गायनी विभाग के डॉक्टरों और अन्य स्वास्थ्य कर्मियों का नमूना लिया जाएगा। महिला डॉक्टर के संपर्क में आने वालों की तलाश भी की जा रही है। बीआरडी प्रशासन का कहना है कि महिला डॉक्टर की ड्यूटी कोरोना वार्ड में नहीं थी। ऐसे में कोरोना पॉजिटिव आना चिंता का विषय है।
रविवार को कोरोना के पांच केस मिले हैं। इनमें एक महिला की मौत बीआरडी में हुई है। जिन गांव में केस मिले हैं। उन गांवों को सैनिटाइज कराने के निर्देश दे दिए गए हैं। इसके अलावा उनके संपर्क में आने वालों की तलाश शुरू कर दी गई है। -डॉ श्रीकांत तिवारी, सीएमओ