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गोरखपुर: कोरोना मरीज की मौत के बाद परिजनों ने किया हंगामा, लगाया ये आरोप

Sun, 06 Sep 2020 11:43 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, सहजनवां (गोरखपुर)।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : पीटीआई
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उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के गीडा (डेंटल कॉलेज) स्थित जेएस फाउंडेशन अस्पताल में शनिवार को कोरोना संक्रमित की मौत के बाद परिजनों ने जमकर हंगामा मचाया। परिजन डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया है। साथ ही अधिक रुपये की मांग करने की बात कही। मौके पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को समझाया। तब जाकर बात बनी।

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जानकारी के मुताबिक, बिहार में खंड विकास अधिकारी पद पर तैनात रहे 59 वर्षीय व्यक्ति की तबीयत मंगलवार को खराब हुई। कोरोना लक्षण को देखते हुए परिजन उन्हें इलाज के लिए बुधवार को गीडा डेंटल कॉलेज स्थित जेएस फाउंडेशन अस्पताल लेकर पहुंचे।

डॉक्टरों ने मरीज को भर्ती करते हुए इलाज शुरू किया और उसी दिन कोरोना जांच के लिए नमूना ले लिया। शुक्रवार को उनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई। इस बीच शनिवार की सुबह उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। इसके बाद उनकी मौत हो गई। मौत की सूचना जैसे ही परिजनों को हुई उन्होंने अस्पताल में हंगामा शुरू कर दिया। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल प्रशासन ने इलाज में लापरवाही की है। इसके अलावा अधिक रुपये की मांग भी करते रहे हैं। 

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इंजेक्शन के लिए रुपये मांगने का आरोप, पहुंची पुलिस

मरीज की मौत की खबर मिलते ही परिजन अस्पताल पहुंच गए। परिजनों ने आरोप लगाया है कि डॉक्टरों ने मरीज की मौत की सूचना नहीं दी। वह मरीज को बेवजह दवा देते रहे। इतना ही नहीं उन्होंने कोरोना का एक इंजेक्शन लगाने के नाम पर 40 हजार रुपये भी मांगे।

दो लाख रुपये इलाज के लिए दिए भी गए। लेकिन इसके बाद भी रुपये की मांग की गई। हंगामे की सूचना पर सीओ कैंपियरगंज, चौकी इंचार्ज पिपरौली, चौकी इंचार्ज नौसढ़ और भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा। इसके बाद किसी तरह मामले को शांत कराया।
 
संचालक डॉ. डीपी सिंह ने बताया कि मरीज जब भर्ती हुआ तो उसकी हालत नाजुक थी। उसके फेफड़े में सूजन था। वह सांस नहीं ले पा रहा था। कोविड जांच रिपोर्ट नहीं थी। लक्षण के बाद इलाज शुरू कर नमूना जांच के लिए भेजा गया था। शुक्रवार को रिपोर्ट पॉजिटिव आई। शनिवार को अचानक तबीयत बिगड़ी। इस पर बचाने का प्रयास किया गया लेकिन सफलता नहीं मिली। तीमारदारों को टोसिलिजुमैब इंजेक्शन खरीदने को कहा गया था। अधिक रुपये लेने की बात पूरी तरह से निराधार है।
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