लखनऊ में मेरिट के आधार पर फर्जी नियुक्ति हासिल करने वाले शिक्षकों के भंडाफोड़ के बाद से गोरखपुर जिले में दूसरे के प्रमाणपत्रों के सहारे नौकरी करने वाले शिक्षकों में हड़कंप मच गया है। जल्द ही ऐसे 25 शिक्षकों से पूछताछ की जा सकती है। पूर्व में ही इनकी पुरी कुंडली एसटीएफ की ओर से बेसिक शिक्षा विभाग से तलब की जा चुकी है। ज्यादातर शिक्षकों पर दूसरे के प्रमाण पत्रों के सहारे नौकरी हासिल करने या दूसरे को दिलाने के आरोप हैं।
पिछले वर्ष ही सिद्धार्थनगर और देवरिया जिले में एसटीएफ ने छापेमारी कर सात आरोपितों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपितों का सरगना अश्वनी कुमार श्रीवास्तव और बड़हलगंज में तैनात रहे मुक्तिनाथ ने एसटीएफ की पूछताछ में कई अहम राज उगले हैं। सूत्रों के मुताबिक, इसी संदेह के आधार पर ही एसटीएफ पिछले वर्ष गोरखपुर के बेसिक शिक्षा विभाग कार्यालय पर छापेमारी कर कई शिक्षकों के रिकार्ड साथ ले गई है। लखनऊ में हुए भंडाफोड़ के बाद जल्द ही इन आरोपियों पर भी कार्रवाई हो सकती है।