- परिवहन विभाग के अधिकारियों ने कहा-जोन बंटने से ई-रिक्शा चालकों को फायदा
गोरखपुर। शहर को जाम से निजात दिलाने के लिए ई-रिक्शा को पांच जोन में बांटा गया है। इसे जल्द ही अमली जामा पहनाया जाएगा। इससे जाम से निजात मिलेगी। परिवहन व यातायात विभाग के अधिकारियों ने इसको लेकर तैयारी की है। अधिकारियों का कहना है कि इससे ई-रिक्शा चालकों ही नहीं सभी को फायदा होगा।
मिली जानकारी के अनुसार, परिवहन विभाग में लगभग 16 हजार के आसपास ई-रिक्शा पंजीकृत हैं। जो सड़कों पर फर्राटा भर रहे हैं। परिवहन निगम का कहना है कि शहर के किसी भी कोने में जाने की छूट से एक जगह ज्यादा ई-रिक्शा होने से जाम की समस्या होती है। इससे आम लोगों को जाम से परेशानी होती है। इससे जाम से निजात पाने और हर ई-रिक्शा चालक को अपने-अपने क्षेत्र में आमदनी बढ़ाने को लेकर कार्य किया जा रहा है। साथ ही इन्हें रेलवे स्टेशन तक जाने की छूट भी दी गई है। एसपी यातायात संजय कुमार ने बताया कि शहर को जाम से निजात दिलाने के लिए हर तरह का प्रयास किया जा रहा है। जल्द ही प्रक्रिया पूर्ण कर दिया जाएगा।
जोन को लेकर विरोध कर रहे ई-रिक्शा संगठन
बता दें कि विगत दिनों से जोन के बंटवारे को लेकर ई-रिक्शा संगठन विरोध कर रहे हैं। ऑल इंडिया ई-रिक्शा यूनियन के अध्यक्ष शैलेंद्र कुमार यादव के नेतृत्व में विगत दिनों से आंदोलन चल रहा है। इसको लेकर सोमवार को ई-रिक्शा संगठनों ने चक्का जाम कर उत्पात मचाया था। इस पर पुलिस की ओर से कार्रवाई की गई थी।
ई-रिक्शा के लिए पांच जोन बना दिए गए हैं। हमें ई-रिक्शा चालकों के साथ अन्य लोगों की भी सुविधाओं का ध्यान रखना है। जोन बनने से ई-रिक्शा चालकों व आम लोगों को भी सहूलियत मिलेगी।
- नरेंद्र यादव, एआरटीओ प्रवर्तन, संभागीय परिवहन विभाग