बिजली बिल का करीब 70 लाख रुपये बकाया होने पर बुधवार को सहारा एस्टेट सोसाइटी के मोटर पंप का बिजली कनेक्शन काट दिया गया। इसके बाद पूरी सोसाइटी में पेयजल आपूर्ति ठप हो गई। लोग हैंडपंप और आसपास के घरों में लगे सबमर्सिबल से पानी लाकर जरूरतें पूरी कर रहे हैं।
पानी के संकट के चलते सोसाइटी में हाहाकार की स्थिति बन गई है। सहारा एस्टेट के लोग बृहस्पतिवार को सदर सांसद रवि किशन और डीएम दीपक मीणा से मुलाकात करेंगे। सोसाइटी के लोगों का कहना है कि यह पहली बार नहीं है। इससे पहले भी कई बार बकाया बिल के कारण पंप का बिजली कनेक्शन काटा जा चुका है।
एक बार सदर सांसद रवि किशन के प्रयास से और दूसरी बार जिला प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद कनेक्शन बहाल कराया गया था। लोगों का आरोप है कि पिछले चार वर्षों से वे नगर निगम को नियमित रूप से हाउस टैक्स, जलकर और सीवर टैक्स का भुगतान कर रहे हैं।
इसके बावजूद नगर निगम की ओर से पेयजल जैसी मूलभूत सुविधा उपलब्ध नहीं कराई जा रही है। सोसाइटी के अध्यक्ष एपी त्रिपाठी का कहना है कि हर बार बिजली कटने पर उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस बार भी पानी की आपूर्ति बंद होने से घरों में दैनिक कार्य प्रभावित हो गए हैं।
मोहद्दीपुर के अधिशासी अभियंता सतीश जायसवाल का कहना है कि मोटर पंप पर लगभग 70 लाख रुपये का बिजली बिल बकाया है। यदि उपभोक्ता कुछ राशि जमा कर किस्तों में शेष भुगतान की व्यवस्था कर लेते हैं तो बिजली कनेक्शन दोबारा जोड़ दिया जाएगा।
बोले लोग
पंप के बिजली बिल को लेकर हमेशा चिंता बनी रहती है। बिल ज्यादा होने से पंप की बार-बार बिजली काट दी जाती है, जिससे पानी का संकट खड़ा होता है। इसका स्थायी समाधान होना चाहिए:
सभाजीत मिश्र
पंप का बिजली का बिल ज्यादा हो गया है। सोसाइटी थोड़ा-थोड़ा रुपये जमा करती है। नगर निगम को चाहिए कि पानी की आपूर्ति यहां वह खुद करे जिससे संकट समाप्त हो जाए:
संजय पांडेय