गोरखपुर। अपहृत बालिका से दुष्कर्म के बाद हत्या के मामले में सोमवार को पाक्सो कोर्ट संख्या-दो में डाटा विश्लेषक शैलेंद्र प्रताप सिंह की जिरह पूरी हो गई। बचाव पक्ष की ओर से चीफ लीगल एड डिफेंस काउंसिल और डिप्टी चीफ लीगल एड डिफेंस काउंसिल ने गवाह से जिरह की। न्यायालय ने शेष साक्ष्य के लिए 22 सितंबर की तिथि निर्धारित की है।
मामला 28 जुलाई की रात का है। जिला अस्पताल में भर्ती बड़ी बहन को भोजन देने गई बालिका लापता हो गई थी। परिवार ने तलाश शुरू की तो पता चला कि सिपाही की वर्दी पहने युवक उसे अपने साथ ले गया है। सीसी कैमरा फुटेज और सर्विलांस की मदद से तलाश के दौरान डायल 112 में तैनात रहे गाजीपुर निवासी सिपाही अभिषेक यादव के बालिका को ले जाने की बात सामने आई। हिरासत में लेकर पूछताछ में दुष्कर्म के बाद हत्या किए जाने की जानकारी मिली। 30 जुलाई को चिउटहा में रोहिन नदी किनारे बालिका का शव मिला।