जानकारी के अनुसार, मूल रूप से देवरिया के भलुअनी निवासी राजकुमार सिंह छह भाइयों में चौथे नंबर के थे। पिता वृद्धिचंद सिंह की घंटाघर में घड़ी की दुकान थी। पिता के देहांत के बाद दुकान बंद हो गई। राजकुमार सिंह नार्मल स्थित मकान में रहने लगे। बड़े भाई विजय सिंह से राजकुमार का संपत्ति विवाद है।
राजकुमार वर्ष 2017 में मुंबई चले गए। अन्य भाइयों के साथ वहां कपड़ा का व्यापार करने लगे। उनकी बेटी जान्हवी, जो गोरखपुर से ही इंटर कर रही है, उसको परीक्षा दिलाने के लिए वह पत्नी के साथ 15 फरवरी को गोरखपुर आए थे। इसके बाद से लॉकडाउन की वजह से यही पर थे। मंगलवार को एकला बंधे के किनारे उनका शव मिला।
सीओ कैंपियरगंज ने बताया कि पुलिस टीम दबिश दे रही है, जल्द ही आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।