सोने एवं चांदी के जेवर, 21 हजार नगद, दो तमंचा एवं 9 कारतूस, लाल मिर्च पाउडर एक पैकेट, हार्ड डिस्क सीसीटीवी का टूटा हुआ, तीन मोबाइल बरामद हुआ। सभी आरोपियों के पास से कुल 41 हजार नगद एवं चादी के जेवर 3.588 ग्राम, सोने के जेवर 31.14 ग्राम बरामद हुआ है।
ज्वेलरी की दुकानों की पहले करते थे रेकी फिर चोरी
टेंट में रहकर जीवन गुजर बसरे करने वाले गिरफ्तार सभी आरोपी संगठित रूप से गिरोह संचालित करते थे। समूह में शामिल सभी सदस्य जिले में विभिन्न स्थानों पर फेरी लगाकर सामान बेचते थे। इस बीच वह अपने हिसाब से अंदाजा लगाते थे कि किसी दुकान में चोरी करनी है।
घटना को अंजाम देने के पहले आरोपी दुकान की पूरी जानकारी अपने पास जुटाते थे। जैसे दुकान कब खुलती है, कब बंद होती है। दुकान में सामान होने का अंदाजा आदि से लेकर घटना को अंजाम देने के बाद भागने के रास्तों आदि की पूरी रूप रेखा पहले की तैयारी की जाती थी।
पूछताछ में आरोपी ने पुलिस को बताया कि चोरी की घटना का अंजाम देने के पहले बेहतर ढंग से पूरी योजना बनाई जाती थी। जिससे घटना के बाद कोई परेशानी न हो। किसी को शक न हो, इस वजह से टेंट में रहकर जीवन यापन करते थे। रेकी के बाद घटना को अंजाम दिया जाता था। आरोपियों ने बताया कि ताबड़तोड़ घटनाएं नहीं की जाती थीं।