पुलिस के मुताबिक, बिहार के गोपालगंज जिले के मोहम्मदपुर निवासी राकेश सिंह गोरखपुर अपने रिश्तेदार को देखने आए थे। अस्पताल में भर्ती रिश्तेदार को देखने के बाद दोस्त अजयराज सिंह के घर में रुके थे। यहीं पर शराब की दावत हुई थी, जिसमें प्रवीण और विवेक भी शामिल हुए थे।
17 मई को दोपहर बाद से ही अजयराज सिंह के यहां शराब पार्टी चल रही थी। इसी पार्टी में प्रापर्टी डीलर प्रवीण पांडे शामिल हुआ था। राकेश सिंह की प्रवीण से किसी बात को लेकर कहासुनी हुई। उसके बाद वह शाम को छह बजे घर चला गया और रात में साढ़े आठ बजे दोबारा अपने साथी के साथ पिस्टल लेकर पार्टी में पहुंचा और उसने राकेश सिंह को गोलियों से भून दिया।
राकेश सिंह को उनके साथी अजयराज व अन्य ने मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया। अगले दिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। राकेश सिंह के भतीजे ने प्रवीण पांडेय और विवेक पांडे के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। सीओ क्राइम प्रवीण सिंह ने बताया कि प्रवीण और विवेक की तलाश में लगातार टीमें दबिश डाल रही थी।
एसटीएफ भी लगी हुई थी। इस बीच विवेक के बारे में सूचना मिली कि वह चारफाटक रेलवे लाइन के पास से पैदल कहीं जा रहा है। सूचना पर शाहपुर पुलिस और एसटीएफ की टीम ने घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। शाहपुर थाना क्षेत्र के राप्तीनगर फेज चार निवासी विवेक पाण्डेय के पास से 315 बोर का एक तमंचा और दो कारतूस बरामद हुआ है।