गोरखपुर के गुलरिहा इलाके के बरगदही पुराने शिव मंदिर के पास मिले महेश निषाद के शव मामले में पुलिस ने हत्या, आपराधिक साजिश की धारा में तीन लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने अशोक निषाद, महेंद्र निषाद और धर्मेंद्र पर केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
महेश का शव बीते 29 जून को मिला था। तब घरवालों ने थाने पर तहरीर दी थी, लेकिन पुलिस ने केस दर्ज नहीं किया। अब पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर कार्रवाई की है।
जानकारी के मुताबिक, मीरापुर निवासी रामजतन निषाद ने कोर्ट में प्रार्थना पत्र देकर अपने भाई महेश की हत्या करने का आरोप गांव के तीन लोगों पर लगाया था। उन्होंने कोर्ट को बताया कि अशोक निषाद, महेंद्र निषाद व धर्मेंद्र से उनकी पुरानी रंजिश है। तीनों उनके भाई महेश निषाद के साथ गांव के चौराहे पर मछली बेचते थे। बीते 27 जून की शाम को तीनों महेश को तुर्रा नाले में नहाने की बात करते हुए साथ ले गए।
वहां उसे शराब पिलाई फिर उसकी हत्या कर दी। शाम तक महेश घर नहीं पहुंचा तो तीनों आरोपियों से पूछा गया, लेकिन उन्होंने कुछ नहीं बताया। 29 जून को बरगदही पुराने शिव मंदिर के पास महेश का शव मिला। इसके बाद स्थानीय पुलिस को सूचना दी गई।
पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में प्राणघातक हमले से मौत की बात कही गई, लेकिन भटहट पुलिस चौकी पर तैनात दरोगा आरोपितों को बचाने की कोशिश कर रहे हैं।