उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले में एक हैरान करने वाले सामने आया है। यहां बरहज क्षेत्र के मिर्जापुर गांव निवासिनी संगीता देवी पत्नी मैनेजर को ठगों ने आवास का पैसा दिलाने के नाम पर ठगी का शिकार बना दिया।
जालसाज काले रंग की बाइक से आए थे जो अपने को ब्लॉक अधिकारी बता रहे थे। ठगी का शिकार होने का जैसे ही महिला को आभास हुआ, वह महिला चीखने-चिल्लाने लगी जिसे सुनकर आस-पास के लोग जमा हो गए। लेकिन, ठग मौके से भाग निकले।
मिर्जापुर गांव निवासी मैनेजर का मकान गांव के दक्षिण एकांत में है। वह मुंबई में मजदूरी करता है। जबकि पत्नी और उसकी आठ वर्षीया पुत्री नीतू घर पर रहते हैं। दोपहर में दोनों घर पर थीं। इसी बीच दो युवक मैनेजर का पता ठिकाना पूछते हुए पहुंचे।
संगीता का कहना है कि दोनों युवक आवास के नाम पर तीन लाख रुपये खाते में आना बता रहे थे। कैश ड्रा न कराने पर पैसा वापस हो जाने की बात कहने लगे। युवकों ने सुविधा शुल्क के नाम पर छह हजार रुपये भी मांगे।
घर पर पैसा न होने पर सोने का कान का झुमका और जीउतिया ले लिए। सभी महिला से एक वाहन के आने पर उसमें बैठकर बैंक पर आने की बात कहकर निकल लिए। पीड़िता का कहना है कि हाल ही में 14 हजार रुपये में दोनों गहने खरीदे थे जिसका भुगतान बाकी है।
इंस्पेक्टर अनिल पांडेय ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। तहरीर मिलने पर केस दर्ज कर कार्रवाई होगी।