कोरोना वैक्सीन को लेकर तैयारियां जोरों पर हैं। वैक्सीन के रखरखाव से लेकर उसे लगाने वाले स्वास्थ्य कर्मी प्रशिक्षित किए जा रहे हैं। इन सबके बीच आम आदमी के मन में कई सवाल उठ रहे हैं। इन्हीं सवालों का जवाब सीएमओ डॉ. श्रीकांत तिवारी दे रहे हैं।
सवाल: जिले में कोरोना संक्रमण की रफ्तार कम हो गई है। संक्रमण होने के बाद लोग आसानी से ठीक भी हो जा रहे हैं। क्या अब भी वैक्सीन लगवाना जरूरी है। -
शीला, बेतियाहाता
जवाब: पहले चरण में फ्रंट लाइन वर्कर और हेल्थ वर्कर को वैक्सीन दिया जाना है। जिले वासियों की इम्युनिटी अच्छी मिली है। यह अच्छा है। आम आदमी को वैक्सीन लगाने के संबंध में अभी कोई गाइड लाइन नहीं आई है। गाइड लाइन के मुताबिक निर्णय लिया जाएगा। वैक्सीन लगने के बाद कोरोना संक्रमण का खतरा बेहद कम होगा।
सवाल: वैक्सीन लगाने के बाद कोई साइड इफेक्ट होता है तो उससे बचाव के क्या इंतजाम किए गए हैं? -
उषा चौरसिया, बेतियाहाता
जवाब: वैक्सीन लगने के दौरान 55 मिनट तक स्वास्थ्य विभाग की टीम लोगों की निगरानी करेगी। इस दौरान अगर कोई साइड इफेक्ट होता है, तो टीम में मौजूद डॉक्टर उसका इलाज करेंगे। कई दौर के ट्रायल के बाद ही वैक्सीन को उपलब्ध कराया जाएगा, ऐसे में साइड इफेक्ट की संभावना न बराबर है।
सवाल: कोरोना वैक्सीन के रजिस्ट्रेशन के नाम पर फोन आने की अफवाह सोशल मीडिया पर चल रही है। आधार कार्ड नंबर मांगने की बात कही जा रही हैं। इसकी क्या सत्यता है? -
विवेक कुमार, जगन्नाथपुर
जवाब: कोरोना वैक्सीन के लिए रजिस्ट्रेशन के नाम पर अगर फोन आता है तो यह पूरी तरह से फ्रॉड है। उससे अपने आधार सहित कोई भी अन्य जानकारी साझा न करें। सरकारी की तरफ से ऐसी कोई जानकारी नहीं मांगी जा रही है।