जीडीए की खोराबार टाउनशिप एवं मेडिसिटी योजना का मामला
संवाद न्यूज एजेंसी
गोरखपुर/ खोराबार। जीडीए की खोराबार टाउनशिप एवं मेडिसिटी योजना में अधिग्रहित जमीनों का मुआवजा भूमि अधिग्रहण एक्ट के आधार पर दिया जाएगा। बृहस्पतिवार को कार्यालय में पहुंचे लोगों को जीडीए उपाध्यक्ष महेंद्र सिंह तंवर ने यह आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि सभी को उचित मुआवजे का भुगतान किया जाएगा।
जीडीए टाउनशिप एवं मेडिसिटी योजना के लिए खोराबार, जंगल सिकरी के सैनिक नगर में जमीन अधिग्रहित की गई है। इस क्षेत्र को चार सेक्टर में बांटकर जीडीए की टीम सर्वे कर चुकी है। सोमवार को जीडीए टीम अधिग्रहित जमीन पर चहारदीवारी चलाने पहुंची तो लोगों ने पहले जमीन का मुआवजा देने की मांग की। इस पर एक प्रतिनिधिमंडल बनाकर जीडीए उपाध्यक्ष ने काश्तकारों की जमीनों का दोबारा सर्वे कराने को कहा है। मुआवजा बढ़ाने की मांग को लेकर स्थानीय लोग बृहस्पतिवार को जीडीए पहुंचे।
इस दौरान जीडीए उपाध्यक्ष ने कहा कि जमीन का मुआवजा भूमि अधिग्रहण एक्ट के नियम के आधार पर बढ़ाया जाएगा। बताया कि योजना के लिए जमीन का अधिग्रहण 2004 में किया गया था। 2011 में मुआवजा बढ़ाने के लिए भूमि अधिग्रहण के संबंध में एक अन्य नियम लागू हुआ है, जो इस योजना में लागू नहीं होगा। उपाध्यक्ष ने एक अधिवक्ता को साथ रखने की सलाह दी, जिससे कानूनी मसलों पर किसी तरह की अड़चन दूर हो सके।
इस दौरान सत्यम शुक्ला, छोटू सिंह, राजू कुमार, रामदुलारे , हरी कुमार, बृजेश राय, चंद्रभान सिंह और राहुल अग्रवाल मौजूद रहे।