वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए सीएम योगी से संवाद करते डीएम के. विजयेंद्र पांडियन।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि टीकाकरण में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए, जो क्रम तैयार किए गए हैं। उसी अनुसार टीकाकरण होना चाहिए। शिकायत का मौका न मिलें। डीएम से मुख्यमंत्री ने पूछा की तैयारी पूरी है। इस पर डीएम के विजयेंद्र पांडियन ने आश्वस्त किया तैयारी पूरी है। आप केवल मार्गदर्शन करें।
इसके बाद उन्होंने वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिये ड्राई-रन (पूर्वाभ्यास) के लिए बनाए गए बूथों को देखा। मुख्यमंत्री दूसरे ड्राई रन के जिला अस्पताल के केंद्र पर डीएम के. विजयेंद्र पांडियन से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से बातचीत कर रहे थे। इसके अलावा उन्होंने वाराणसी, लखनऊ के केजीएमयू व सिद्धार्थनगर में बर्डपुर सीएचसी पर सीडीओ पुलकित गर्ग और सीएमओ डॉ आईबी विश्वकर्मा से भी बात की।
मुख्यमंत्री ने डीएम से पूछे सवाल, डीएम ने दिया जवाब
मुख्यमंत्री- तैयारी कैसी हैं आप की?
डीएम- तैयारी पूरी है सर, बस आपके मार्गदर्शन की जरूरत है
मुख्यमंत्री- कुल कितने केंद्र बने हैं?
डीएम- सर, 60 हैं।
मुख्यमंत्री- कुल कितने बूथ हैं?
डीएम- 84
मुख्यमंत्री- कितने कोल्ड चेन स्टोरेज हैं?
डीएम- कुल 24 कोल्ड चेन स्टोरेज बनाए गए हैं।
मुख्यमंत्री- पहले चरण में कितने कर्मियों का टीकाकरण होना है?
डीएम- सर, 22 हजार को टीका लगाया जाएगा।
मुख्यमंत्री- दूसरे चरण में?
डीएम- सर, 12 लाख।
मुख्यमंत्री- तीसरे चरण में?
डीएम- सर, 20 लाख।
मुख्यमंत्री- पूरी तैयारी है?
डीएम- जी सर।
मुख्यमंत्री- कोई समस्या तो नहीं है?
डीएम- नहीं सर, कोई समस्या नहीं है। मेरी तैयारी मुकम्मल है। ड्राई रन में बहुत सारी कमियों को हम दूर कर रहे हैं।
समय से पहुंचे थे स्वास्थ्य कर्मी, हुआ वैक्सीनेशन
कोविड टीकाकरण के दूसरे ड्राई रन में जिला अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड को बूथ बनाया गया था। सीएमओ डॉ. सुधाकर पांडेय, एसआईसी डॉ. एसी श्रीवास्तव सहित वैक्सीनेटर व स्वास्थ्य कर्मी समय से पहुंचे थे। लेकिन अचानक आइसोलेशन वार्ड से बूथ को बगल में स्थित क्वारंटाइन सेंटर में शिफ्ट किया गया। इसलिए टीकाकरण का पहला पूर्वाभ्यास 10.40 पर शुरू हो सका। स्वास्थ्य कर्मी (जिन्हें टीका लगाया जाना है) अर्चना मौर्या ने जब केंद्र में प्रवेश किया तो गेट पर खड़ी सुरक्षा कर्मी स्नेहा ने उनके आधार कार्ड से सूची का सत्यापन किया।
इसके बाद वह वेरीफिकेशन काउंटर पर गईं। वहां स्टाफ नर्स नुजहत ने उनका ऑनलाइन वेरीफिकेशन कर नाम नोट किया। इसके बाद टीकाकरण काउंटर पर भेजा। वहां वैक्सीनेटर आशु स्मिता ने जानकारी दी कि कोविड वैक्सीन लगाई जा रही है। इससे किसी तरह की परेशानी नहीं होगी।
इसके बाद उन्होंने अर्चना के स्वास्थ्य के बारे में पूछा। साथ ही दो मोबाइल नंबर भी दिए। कहा कि कोई परेशानी होने पर इन नंबरों पर संपर्क किया जा सकता है। यह भी बताया कि वैक्सीन लगने के बाद भी आपको सोशल डिस्टेंसिंग का पालन व मास्क का प्रयोग करें।
एसआईसी बोली, मुझे हाई ब्लड प्रेशर की है शिकायत
जिला महिला अस्पताल में व्यवस्थाएं पूरी थी। लेकिन सुबह 11 बजे तक कोई स्वास्थ्य कर्मी (जिन्हें वैक्सीन लगाई जानी है) नहीं आया। 11:12 बजे एसआईसी अधीक्षक डॉ. माला कुमारी सिन्हा ने स्वयं ड्राई-रन का हिस्सा बनी। कक्ष में प्रवेश करते ही सुरक्षा कर्मी ने उनका हाथ सैनिटाइज कराया। आधार कार्ड मांगा और सूची से मिलान के बाद अंदर जाने दिया।
वेरीफिकेशन के बाद वह वैक्सीनेटर के पास पहुंची तो वहां एसआईसी से उनके स्वास्थ्य के बारें में पूछा। इस पर उन्होंने बताया क उन्हें हाई बीपी की शिकायत है। वैक्सीनेटर ने कहा कि कोई दिक्कत नहीं होगी। वैक्सीन लगने के बाद आप 30 मिनट विशेषज्ञों की निगरानी में रहेंगी। इसके बाद उन्हें वैक्सीन लगाया गया। वह 30 मिनट तक ऑब्जर्वेशन कक्ष में आराम करती रहीं।
51 अस्पतालों के 84 बूथों पर हुआ ड्राई रन
गोरखपुर जिले के 51 अस्पतालों के कुल 84 बूथों पर ड्राई रन हुआ। हर बूथ पर सैनिटाइजर, मास्क व इमरजेंसी दवाओं की व्यवस्था की गई थी। हर जगह 15-15 स्वास्थ्य स्वास्थ्य कर्मियों को बुलाया गया था। उन्हें लाइन में खड़ा कराकर एक-एक- व्यक्ति को अंदर प्रवेश दिया गया। हाथ सैनिटाइज के बाद ही कक्ष में प्रवेश दिया जा रहा था। जिनके पास मास्क नहीं थे, उन्हें मास्क प्रदान किया जा रहा है।
16 जनवरी को 20 केंद्रों पर होगा टीकाकरण
डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने बताया कि 16 जनवरी से 20 केंद्रों पर एक दिन में दो हजार लोगों का टीकाकरण करने का लक्ष्य रखा गया है। शुरुआत में सप्ताह में दो दिन टीकाकरण होगा। उन्होंने ड्राई रन व कोविड टीकाकरण के बारे में पूरी जानकारी ली।
एसआईसी ने मुख्यमंत्री को दिखाया लाइव बूथ
वीडियो कांफ्रेंसिंग के दौरान डीएम के विजयेंद्र पांडियन ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया कि सर दो मिनट लगेगा बूथ देख लें। इस पर मुख्यमंत्री ने हामी भरी तो एसआईसी डॉ एके श्रीवास्तव ने शुरुआत से बूथ का लाइव प्रसारण मुख्यमंत्री को दिखाया। एक-एक करके वह प्रवेश द्वार, वेटिंग एरिया, वेरीफिकेशन व टीकाकरण काउंटर तथा आब्जर्वेशन रूम का ऑनलाइन निरीक्षण कराया और पूरी व्यवस्था के बारे में बताया।
नहीं मिली थी कर्मियों की सूची
महिला जिला अस्पताल में बनाए गए दोनों बूथों पर कर्मियों की सूची(वैक्सीन लगवाने वाले) वैक्सीनेटर और वेरीफिकेशन करने वालों को नहीं दी गई थी। इसकी वजह से वह दिन भर वैक्सीन लगवाने वाले कर्मियों का इंतजार करती रहीं।
सीएमओ डॉ. सुधाकर पांडेय ने कहा कि दूसरा ड्राई-रन पूरी तरह से सफल रहा। 84 बूथों पर ड्राईरन का आयोजन किया गया था। जहां कुछ कमियां थी। उसे दूर कर लिया गया है। 16 जनवरी से वैक्सीनेशन की शुरुआत की जाएगी। उम्मीद है कि आने वाले कुछ महीनों में हम जिले से कोरोना को पूरी तरह से खत्म कर दें।