बीते दिनों दिवंगत सैन्यकर्मी को शहीद घोषित करने को लेकर चौरीचौरा में हुए बवाल के 25 हजार रुपये के इनामी मुख्य आरोपी सपा नेता मनुरोजन यादव ने शुक्रवार को कोर्ट में समपर्ण कर दिया है। इस मामले में चौरीचौरा इंस्पेक्टर संतोष अवस्थी को भी एसएसपी ने निलंबित कर दिया था। मनुरोजन यादव, नरसिंह यादव और अरविंद यादव की गिरफ्तारी पर 25-25 हजार का इनाम घोषित किया गया है।
पुलिस के मुताबिक, छानबीन में पता चला कि चौरीचौरा के भोपा बाजार में मनुरोजन व उनके साथियों ने बवाल कराया था। वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव में सपा ने मनुरोजन को चौरीचौरा से प्रत्याशी बनाया था। नामजद आरोपित झंगहा, चौरीचौरा, खोराबार और पिपराइच क्षेत्र के रहने वाले हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए 10 टीमें बनाई गई हैं। एसएसपी डॉ. विपिन ताड़ा ने बताया कि नामजद आरोपियों की तलाश की जा रही है। आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी कर ली जाएगी।
जानकारी के मुताबिक, झंगहा इलाके के राघोपट्टी निवासी धनंजय यादव की मौत हो गई थी। शहीद का दर्जा दिलाने, बहन को सरकारी नौकरी और मुआवजे की मांग को लेकर ग्रामीण सड़क पर आ गए थे। इसी बीच कुछ उपद्रवियों ने डीएम विजय किरन आनंद और पुलिस अफसरों पर पथराव कर दिया था। राहगीरों और पुलिस की गाड़ियों में आगजनी भी की थी। पुलिस ने जैसे-तैसे मामले को शांत कराया था।
बाद में पुलिस ने अलग-अलग गंभीर धाराओं में सात मुकदमे दर्ज किए थे। जिसमें 56 नामजद और 200 अज्ञात को आरोपित बनाया गया था। अब तक 13 आरोपितों को पुलिस ने जेल भेज चुकी है। इसके साथ ही चौराहे और रेलवे स्टेशन पर उपद्रव करने वालों का पोस्टर भी चस्पा किया था। इसकी मदद से 43 और लोगों की पहचान हो गई है। एसपी नार्थ मनोज अवस्थी ने बताया कि आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगी है। उनकी संपत्ति को कुर्क कराने के लिए कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी।
सीसीटीवी फुटेज की मदद से जांच तेज
पुलिस ने बवाल करने वालों की पहचान सीसीटीवी फुटेज की मदद से की है। पुलिस को घटनास्थल के आसपास से कई कैमरों के फुटेज मिले हैं, जिनसे उपद्रवियों की पहचान तेज कर पुलिस विवेचना में नाम बढ़ाने का साक्ष्य जुटा रही है।
एसएसपी डॉ. विपिन ताड़ा ने कहा कि झंगहा इंस्पेक्टर की लापरवाही सामने आने पर निलंबित कर विभागीय जांच का आदेश दिया गया है। आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमें लगी हैं। जल्द ही गिरफ्तारी कर ली जाएगी।