गोला (गोरखपुर)। कस्बे में सोमवार दोपहर देवांश स्वर्णकला केंद्र ज्वेलर्स की दुकान पर हुई टप्पेबाजी की घटना में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। आरोपियों के बिना नंबर की बाइक से कस्बे में प्रवेश करने और वारदात को अंजाम देने की पुष्टि सीसीटीवी फुटेज से हुई है। पुलिस फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान में जुटी है। मामले में पुलिस ने दो अज्ञात युवकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
जानकारी के अनुसार, नगर पंचायत क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच में सामने आया है कि दो युवक बिना नंबर की मोटरसाइकिल से कस्बे में दाखिल हुए और वाहन को दूर खड़ा कर पैदल ही दुकानों की रेकी करने लगे। इसके बाद दोपहर करीब 2:20 बजे वे देवांश स्वर्णकला केंद्र पहुंचे और दुकान में बैठी दुकानदार की बेटी अमृता वर्मा को बातों में उलझाकर आभूषण लेकर भाग गए।
आरोपियों भागने के दौरान उन्हें पकड़ने में धक्का-मुक्की में साहसी अमृता वर्मा गिरकर घायल हो गईं और उनके बाएं हाथ की बीच की उंगली में फ्रैक्चर हो गया। इसके बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और मंगलवार को बीकॉम द्वितीय वर्ष के अंतिम सेमेस्टर का पेपर देने कॉलेज पहुंच गईं। पीड़िता अमृता वर्मा की तहरीर पर पुलिस ने दो अज्ञात युवकों के खिलाफ धारा के तहत प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
वहीं पीड़ित सर्राफा व्यापारी के घर में बुधवार को होने वाली बेटी सलोनी की सगाई की तैयारियां भी चल रही हैं, जिससे परिवार में व्यस्तता बनी हुई है। इस घटना पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी सामने आई हैं। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया पर फोटो साझा करते हुए सरकार पर निशाना साधा है। वहीं, व्यापार मंडल और स्थानीय लोगों ने साहसी युवती अमृता वर्मा को सम्मानित कर उनका हौसला बढ़ाया।
टप्पेबाजों को पकड़ने के दौरान तमाशबीन बने रहे लोग
लूट की घटना के दौरान जहां एक ओर अमृता ने साहस दिखाते हुए टप्पेबाजों से मुकाबला किया, वहीं मौके पर मौजूद लोग तमाशबीन बने रहे। सीसीटीवी फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अमृता ने आरोपियों को पकड़ने की कोशिश की और लगातार शोर मचाकर मदद की गुहार लगाती रहीं लेकिन आसपास खड़े लोग सक्रिय नहीं हुए। यदि समय रहते लोग आगे बढ़कर सहयोग करते तो दोनों आरोपी मौके पर ही पकड़े जा सकते थे। घटना के बाद स्थानीय लोगों में इस निष्क्रियता को लेकर चर्चा रही और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठे।