फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बस्ती: सपा नेता के घर ‘आशीर्वाद’ लेने पहुंचे भाजपाइयों से हुई तकरार, दोनों पक्ष कार्यकर्ताओं के किया हंगामा

Sat, 26 Jun 2021 04:47 PM IST
vivek shukla अमर उजाला नेटवर्क, बस्ती।

सार

नामांकन पत्र दाखिल करने जाते समय भाजपा उम्मीदवार संजय चौधरी पहुंचे थे राम प्रसाद चौधरी के घर, पहले से मौजूद सपा कार्यकर्ताओं ने संजय चौधरी को गेट पर ही रोका।
विज्ञापन
सुरक्षा के मद्देनजर तैनात पुलिस। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बस्ती में जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए भाजपा और सपा में सीधी टक्कर के आसार के बीच शनिवार को पूरे दिन सियासी दांवपेंच चले गए। भाजपा उम्मीदवार संजय चौधरी नामांकन दाखिल करने जाने से पहले अचानक सपा नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री राम प्रसाद चौधरी के गांधीनगर स्थित आवास पर पहुंच गए। वहां मौजूद सपा कार्यकर्ताओं ने उन्हें गेट पर ही रोक लिया। इसे लेकर भाजपा और सपा कार्यकर्ताओं में नोकझोंक हुई।

विज्ञापन


इस मामले में दोनों ही दलों के नेताओं की ओर से दिन पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलता रहा। जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए भाजपा उम्मीदवार के निर्विरोध निर्वाचित होने की राह में आखिरकार समाजवादी पार्टी ने प्रत्याशी उतारकर बाधा खड़ी कर दी है। बसपा और कांग्रेस के कदम पीछे खींचने के बाद भाजपा को मैदान में टक्कर देने के लिए एकमात्र सपा ही बची थी।

सपा के समर्थन से 16 जिला पंचायत सदस्य जीते हैं। इस लिए सपा शुरू से ही भाजपा के खिलाफ अध्यक्ष पद का उम्मीदवार उतारने की सियासी जिद पर अड़ी थी। शनिवार को सपा ने इस जिद को पूरा भी कर लिया। मगर इससे पहले भाजपा की ओर एक और दांव चला गया। हुआ यह कि भाजपा उम्मीदवार संजय चौधरी नामांकन दाखिल करने जाने से पहले अचानक गांधीनगर में राजकीय इंटर कॉलेज के सामने स्थित सपा नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री राम प्रसाद चौधरी के घर पहुंच गए।
विज्ञापन


उनके साथ बड़ी संख्या में कार्यकर्ता भी थे। उन्हें आया देख सपा नेता के घर पहले से मौजूद सपा कार्यकर्ताओं ने गेट बंद कर दिया और उन्हें बाहर ही रुकने के लिए कहा और आने का कारण पूछा। संजय चौधरी ने कहा कि वह शिष्टाचार मुलाकात करने और आशीर्वाद लेने आए हैं। इसे राजनीतिक चाल बताते हुए सपा कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी शुरू कर दी।

करीब एक घंटे यह सियासी ड्रामा चलता रहा, लेकिन संजय चौधरी और राम प्रसाद चौधरी की मुलाकात नहीं हो पाई। हंगामा बढ़ता देख कोतवाली और पुरानी बस्ती थाने भारी संख्या में फोर्स भी पहुंच गई और विवाद शांत कराया। हालांकि राम प्रसाद चौधरी के घर के सामने देर शाम तक पुलिस का पहरा रहा।
 

विज्ञापन

जिला पंचायत सदस्य को लापता करने आरोप

सपा जिलाध्यक्ष ने पूर्व मंत्री राम प्रसाद चौधरी के आवास पर पत्रकारों से बातचीत में कहा कि उनके प्रत्याशी और जिला पंचायत सदस्यों को परेशान किया जा रहा है। आरोप लगाया कि एक जिला पंचायत सदस्य शु्क्रवार को उनसे मिलने आ रही थीं, जिन्हें जेल गेट के पास रोक लिया गया। पुलिस ने कहा कि कोविड प्रोटोकाल के कारण वह सपा नेताओं से नहीं मिल सकती हैं। इसके बाद से उनका जिला पंचायत सदस्य से संपर्क नहीं हो पा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सदस्य को लापता कर दिया गया है।

भाजपा के लोग राजनीतिक चाल के तहत घर पर आए थे। वह चाहते थे कि सपा कार्यकर्ताओं से विवाद हो और उन पर मुकदमा दर्ज करा दिया जाए। ऐसा इस लिए, ताकि भाजपा के उम्मीदवार को निर्विरोध जिताया जा सके। हमारे पास 16 जिला पंचायत सदस्य हैं और अध्यक्ष पद पर जीत सुनिश्चित मानी जा रही है। इस लिए भाजपा कुचक्र रच रही है।- राम प्रसाद चौधरी, सपा नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री

भाजपा के लोग सपा के वरिष्ठ नेता के घर ताला लगाना चाह रहे थे। ताकि उम्मीदवार पर्चा दाखिला के लिए न जा सके। यह लोकतंत्र की हत्या है। सपा के समर्थन से जीते जिला पंचायत सदस्यों का उत्पीड़न किया जा रहा है। एक जिला पंचायत सदस्य को लापता कर दिया गया है। इन सब के बाद भी सपा मजबूती से मैदान में उतरेगी और जीत दर्ज करेगी।- महेंद्र नाथ यादव, जिलाध्यक्ष सपा

राम प्रसाद चौधरी जिले के वरिष्ठ नेता हैं। हमारी मंशा उनसे आशीर्वाद लेकर नामांकन दाखिल करने की थी, लेकिन वहां मौजूद सपा कार्यकर्ताओं ने एक तो उन्हें मिलने नहीं दिया और दूसरे उनके साथ गए कार्यकर्ताओं अभद्रता की। यह राजनीतिक शिष्टाचार की अनदेखी और मर्यादा का उल्लंघन है।- संजय चौधरी, भाजपा उम्मीदवार, जिला पंचायत अध्यक्ष

जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए पार्टी उम्मीदवार ने नामांकन कर दिया है। कई क्षेत्रीय दलों और निर्दलीय जिला पंचायत सदस्य उनके संपर्क में हैं। जीत सुनिश्चित मानी जा रही है। इसी लिए सपा के लोग अनर्गल आरोप लगा रहे हैं।- महेश शुक्ला, जिलाध्यक्ष भाजपा
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें