अब प्रदेश के सभी कॉलेजों में हर वर्ष नए विषय व कोर्स की मान्यता की प्रक्रिया एक साथ शुरू और बंद होगी। समय सीमा बढ़ाने का कोई प्राविधान नहीं होगा। शासन ने इसके लिए समय सीमा भी तय कर दी है। कॉलेजों की सभी मान्यता प्रक्रियाएं हर हाल में मई तक पूरी हो जाएंगी।
गोरखपुर विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. ओमप्रकाश ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिए हैं। उन्होंने सभी कॉलेजों के प्रबंधकों व प्राचार्यों को निर्देशित किया है कि नए सत्र 2020-21 के लिए नए कोर्स की मान्यता के संबंध में निरीक्षण मंडल के गठन के प्रस्ताव को हर हाल में 10 मार्च 2020 तक दे देना है।
निरीक्षण मंडल गठन के बाद निरीक्षण आख्या प्रस्तुत करने या नए कोर्स की मान्यता संबंधी प्रस्ताव प्रस्तुत करने की अंतिम तिथि 15 अप्रैल होगी। इसी तरह बीएड की मान्यता के लिए निरीक्षण मंडल के गठन का प्रस्ताव देने की अंतिम तिथि 10 मार्च व निरीक्षण आख्या या संबद्धता प्रस्ताव देने की अंतिम तिथि 20 मार्च तय है। विश्वविद्यालय प्रशासन मई तक मान्यता व संबद्धता से संबंधित सभी निर्णय ले लेगा।
कुलसचिव ने कहा है कि शासन का स्पष्ट निर्देश है कि इसके बाद समय विस्तार नहीं होगा। कॉलेज तय समय सीमा में हर काम निपटा लें। ऐसा नहीं होने पर एक वर्ष तक उन्हें इंतजार करना पड़ेगा।