हिंदी बाजार में अवैध सोने से बने आभूषणों को बेच कर बुलियन सोना (कच्चा) ले जाने का नया तरीका धंधेबाजों को भाने लगा है। इसमें बुलियन सोने से बने आभूषण और बुलियन सोना दोनों खप जाते हैं। खपाने वाले करिअर को भी मोटा मुनाफा होता है। सूत्र बताते हैं कि दो किलो सोने के आभूषण को बेचकर कैरियर को करीब 1300 ग्राम बुलियन सोना (कच्चा) मिल जाता है। ऐसे एक बार में लाखों रुपये का मुनाफा और अवैध सोने की खपत हो जाती है।
सूत्रों ने बताया कि लखनऊ के चौक बाजार का रहने वाला एक करिअर इस धंधे में मामा-भांजे के बाद काफी तेजी से सक्रिय हुआ है। दिल्ली और कोलकाता से लाए अवैध सोने से पहले वे आभूषण बनाते हैं और गोरखपुर के हिंदी बाजार में दिल्ली के भाव से ही इन आभूषणों को बेचते हैं। जैसे, उदाहरण के लिए 75 टंच वाले किसी सोने के आभूषण को धंधेबाज ने लखनऊ से ही 78 टंच के भाव से खरीद लिया। इसी सोने के आभूषण को गोरखपुर के हिंदी बाजार में लाकर 79 टंच के भाव से बेच दिया तो उसे सीधे प्रति ग्राम एक प्रतिशत का लाभ हो जाता है। ऐसे में अगर एक किलो सोने के आभूषण को 78 टंच से खरीद कर 79 टंच के भाव से बेचता है तो उसे प्रति किलो एक प्रतिशत का लाभ होता है। इसी लाभ के साथ वे बाजार से बुलियन कारोबारियों से अवैध सोना खरीदते हैं। इसी तरह सोने की लौट पलट कर करिअर को मोटा मुनाफा मिलता है और गोरखपुर में बैठा व्यापारी भी दिल्ली के भाव से सोने के आभूषणों को प्राप्त कर लेता है। ग्राहकों से वे गोरखपुर के सोने के भाव और इस पर जीएसटी व अन्य दरों को लगाकर भुगतान लेकर अपना मोटा मुनाफा कमाते हैं।
सूत्र ने बताया कि ऐसे ही एक धंधेबाज को भी एजेंसी की तरफ से हिरासत में लिया गया है, लेकिन उसके पास से बरामद सोना (बुलियन) एक करोड़ रुपये से कम का था। ऐसे में इसे गिरफ्तार करने की जगह पूछताछ कर बयान रिकॉर्ड कर लिया गया है। ऐसी ही एक कार्रवाई पिछले दिनों वाराणसी में भी एजेंसी ने की थी। इसी कार्रवाई के बाद गोरखपुर में एजेंसी की टीम ने छापा मारकर बयान लिया, रिकार्ड और दस्तावेज जब्त किए थे। इसी कार्रवाई के बाद एक बार फिर कार्रवाई होने और सोने के पकड़े जाने की चर्चा है।
बाहर के व्यापारी दिल्ली के भाव पर खपा रहे अवैध सोना
दिल्ली और गोरखपुर के अवैध सोने के भाव में लगभग एक से डेढ़ टंच का अंतर होता है। मतलब दिल्ली और गोरखपुर में प्रति 10 ग्राम पर पांच से छह सौ रुपये का अंतर होता है, लेकिन बाजार के कुछ धंधेबाज गोरखपुर में ही बैठकर दिल्ली के भाव से सोना और आभूषण बेच रहे हैं। ऐसे में प्रति किलो पर वे 50 हजार रुपये का मुनाफा कमा रहे हैं। बड़े कारखानेदारों से ये धंधेबाज अवैध सोने को खरीदते हैं और गोरखपुर से थोक में कारोबार प्रतिदिन करोड़ों रुपये का करते हैं। बाजार के लोगों को भी इसकी जानकारी है, लेकिन इनके रसूख और सेटिंग के डर से विरोध करने में कतराते हैं।
जल्द ही एजेंसी कर सकती है बड़ी कार्रवाई
विभागीय सूत्रों ने बताया कि केंद्रीय एजेंसियों के पास इस संबंध में पुख्ता जानकारी मिली है। सूत्रों की मानें तो बाजार में इसका असर देखने को मिल सकता है। अभी मतगणना के ठीक दो दिन बाद ऐसे ही एक कार्रवाई की गई थी। सूत्रों ने बताया कि इस बार की कार्रवाई में कई राज्यों की टीम एक साथ कार्रवाई कर सकती है। चुनाव के पहले भी ऐसे ही कई राज्यों की टीम ने प्रदेश के कई जिलों में कार्रवाई कर करोड़ों रुपये का अवैध सोना जब्त किया था।