जनप्रतिनिधियों ने कहा है कि सहायक अभियंता कामकाजी हैं, उन्हें पद पर बने रहने दिया जाए। चौरीचौरा से भाजपा विधायक संगीता यादव भी सहायक अभियंता के समर्थन में हैं। सहायक अभियंता के समर्थन में सहजनवां से भाजपा विधायक शीतल पांडेय का लेटर पैड सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। हालांकि विधायक मंगलवार की देर रात सामने आए और कहा कि उन्होंने पत्र नहीं लिखा है।
अब सवाल उठता है कि विधायक के लेटर पैड पर किसने सहायक अभियंता को ईमानदारी का तमगा थमा दिया। इसकी जांच भी जरूरी है। बहरहाल, एक सहायक अभियंता के लिए भाजपा के जनप्रतिनिधियों के बीच की लड़ाई खुलकर जनता के बीच आ गई है।
यह मामला बुधवार को सोशल मीडिया पर दिन भर छाया रहा। वहीं केके सिंह का समर्थन करने वाले सांसद व विधायकों पर भाजपा के नगर विधायक डॉ. आरएमडी अग्रवाल ने बुधवार को तगड़ा पलटवार किया।
नगर विधायक ने एक-एक करके फेसबुक व ट्विटर पर कई पोस्ट किए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, भाजपा के प्रदेश संगठन मंत्री सुनील बंसल और उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्या को टैग करते हुए लिखा कि तो क्या हम भी भ्रष्टाचारियों की दलाली शुरू कर दें। अपुन से यह नहीं होने वाला है, अपुन तो आपके लिए लड़ेगा। विधायक की हर पोस्ट को समर्थन मिला है। जिन सांसद व विधायकों ने सहायक अभियंता का समर्थन किया है, उनके खिलाफ तमाम तरह की बातें लिखी जा रही हैं।
सुबह 8.08 बजे (अमर उजाला में छपी खबर की कटिंग के साथ ट्वीट)
लोग कहते हैं कि हम ट्वीट क्यों करते हैं। कोई इन लोगों से पूछे। ये माननीय विधायक एक भ्रष्ट अभियंता के समर्थन में अखबार में चले गए। विधायक कहते हैं कि अधिकांश अधिकारी बेइज्जती करते हैं और हम अधिकारियों के पीछे घूमते विधायक देख रहे हैं।
सुबह 8.38 बजे का ट्वीट
यह रिश्ता क्या कहलाता है? आपने कभी ऐसा देखा और सुना? खुलेआम? विधायक जी लोग रोते रहते हैं कि अधिकारी सुनते नहीं, बल्कि बेइज्जती करते हैं। हमने बिगुल बजाया तो अदने से पीडब्लूडी के अभियंता के पीछे खड़े हो गए। तो क्या हम भी दलाली शुरू करें?
-खुद के फेसबुक पोस्ट पर नगर विधायक ने लिखा कि ये रिश्ता क्या कहलाता है? ऐसा कभी देखा और सुना नहीं होगा। विधायक जी लोग रोते थे कि कोई अधिकारी सुनता नहीं। अद्भुत दृश्य है। बेचारे अदने से अधिकारी के पीछे लामबंद हैं। तो क्या हम भी भ्रष्टाचारियों की दलाली शुरू कर दें। अपुन से यह नहीं होने वाला है, अपुन तो आपके लिए लड़ेगा।
-हमने पूरी जिंदगी नागरिकों के लिए ईमानदारी से संघर्ष किया है। आप सभी को समझना होगा। हम गलत चीजों के सामने झुकने वाले जीव नहीं हैं।
-दुष्टों की चिकित्सा भी करूंगा और समय निकालकर पचास साला सीसीरोड भी बनवाऊंगा।
-भाजपा की क्षेत्रीय, जिला और महानगर इकाई ने पूरी रिपोर्ट पार्टी आलाकमान को भेज दी है।
भाजपा के नगर विधायक डॉ. आरएमडी अग्रवाल के सोशल मीडिया पर ताबड़तोड़ हमले का जवाब कैंपियरगंज से विधायक फतेहबहादुर सिंह ने दिया। मीडिया को बयान जारी करके भाजपा विधायक ने तीखा हमला बोला और कहा कि सहायक अभियंता के तबादले के लिए नगर विधायक नादान बालक की तरह जिद करके बैठे हैं।
सोशल मीडिया पर फतेहबहादुर सिंह ने कहा कि जो अधिकारी विधायक जी को हर तरह से संतुष्ट करता है, उसका बखान गोरखपुर महोत्सव के मंच से करते हैं। मुख्यमंत्री के सामने 30 मिनट तक महिमामंडन करते हैं। अगर कोई अधिकारी इनको दलाली नहीं देता है तो उसके खिलाफ मोर्चा खोल देते हैं। ज्यादातर सांसद व विधायक संबंधित अधिकारी के कामकाज से संतुष्ट हैं।
अधिकारी को बचाने के लिए सब एक सुर में बोल रहे हैं, फिर ऐसी कौन सी मजबूरी है कि नगर विधायक ही उन्हें हटवाना चाहते हैं। समस्याओं के खिलाफ आवाज उठाना जनता का कर्तव्य है। आप समस्याएं उठाएं, इसके लिए आपको धन्यवाद। विधायक अपने ही विधायकों पर आरोप लगा रहे हैं। ऐसा लगता है कि सिर्फ उन्हीं को जनता ने चुना है। आपका क्या जनाधार है किसी से छुपा नहीं है।
आप जो आरोप लगा रहे हैं, वह निराधार है। सुर्खियां बटोरने के लिए आप मीडिया व सोशल मीडिया का सहारा ले रहे हैं। जनता को गुमराह नहीं कर पाएंगे। जनता मजबूती से हमारे साथ खड़ी है। आप ही सबसे श्रेष्ठ व ईमानदार हैं बाकी सब बेईमान। विधायक निधि सस्पेंड है। पैसा नहीं आ रहा तो विधायक जी बौखला गए हैं। विधायक आप जो कुछ कर रहे हैं छोड़ दीजिए। ऐसा नहीं किया तो आने वाले समय में जनता सबक सिखाएगी।