चिलुआताल इलाके में गर्भपात के दौरान युवती की हुई थी मौत
सीएमओ की ओर से भी गर्भपात कराए जाने का केस दर्ज कराया गया
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। चिलुआताल इलाके के फर्जी नर्सिंग होम में गर्भपात के दौरान युवती की मौत के मामले में कथित डॉक्टर और उसकी सहयोगी महिला को पुलिस ने रविवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी महिला आशा कार्यकर्ता है और वही युवती को लेकर फर्जी डॉक्टर के पास आई थी। विश्वास में आई युवती को अपनी जान गंवानी पड़ी।
पुलिस ने गैर इरादतन हत्या, दुष्कर्म, गर्भपात करने की धारा में केस दर्ज कर प्रेमी को जेल भेज दिया था। अब पुलिस ने दो अन्य आरोपियों पर कार्रवाई की है। उधर, पुलिस ने सीएमओ की ओर से आए प्रार्थना पत्र पर एक और गर्भपात कराने की धारा में केस दर्ज कर लिया है।
आरोपियों की पहचान मोहरीपुर निवासी कथित डॉक्टर विवेक गुप्ता और जंगल कौड़िया निवासी आशा देवी के रूप में हुई है। आशा देवी आशा कार्यकर्ता का काम करती है। पुलिस की जांच में पता चला है कि आशा देवी ही युवती को लेकर फर्जी अस्पताल तक आई थी।
जानकारी के मुताबिक, शाहपुर इलाके के पादरी बाजार के पास रहने वाली एक युवती का प्रेम संबंध तबरेज से था। युवती गर्भवती हो गई थी जिससे वह परेशान होकर तबरेज को इसकी जानकारी दी। दोनों ने आशा कार्यकर्ता आशा देवी से संपर्क किया तो वह एक फर्जी नर्सिंग होम में लेकर गई। बृहस्पतिवार को संचालक विवेक से मुलाकात की। उसने खुद को डाॅक्टर बताया और बृहस्पतिवार को गर्भपात करने लगा।
रात लगभग आठ बजे के आसपास युवती की हालत बिगड़ जाने पर तत्काल मेडिकल काॅलेज में भर्ती कराने के लिए बोला। प्रेमी उसे लेकर मेडिकल कॉलेज चला गया, जहां पर देर रात उसकी मौत हो गई। पुलिस ने केस दर्ज कर प्रेमी तबरेज को जेल भेजा था, जबकि अन्य दोनों आरोपियों को भी पुलिस ने रविवार को गिरफ्तार कर लिया।
अजुहा कस्बे में मॉ बेटे की मौत पर रोते बिलखते परिजन। संवाद