भारत में फ्रांस के राजदूत इमैनुएल लेनिन बुधवार की देर रात सड़क मार्ग से गोरखपुर आए। वह मोहद्दीपुर स्थित होटल रेडिसन ब्लू में रुके हैं। फ्रांस के राजदूत का डीएम के. विजयेंद्र पांडियन और सिटी मजिस्ट्रेट अभिनव रंजन श्रीवास्तव ने भारतीय परंपरा के अनुसार नमस्कार करके स्वागत किया। कोरोना प्रोटोकॉल की वजह से बुके नहीं भेंट किया गया।
इमैनुएल गुरुवार की सुबह गोरखनाथ मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच गुरु गोरक्षनाथ के दर्शन पूजन किया। फ्रांस के राजदूत दो घंटे तक गोरखनाथ मंदिर में रहे। मंदिर के प्रधान पुजारी योगी कमलनाथ एवं सचिव द्वारिका तिवारी ने राजदूत का स्वागत किया।
वहीं प्रधान पुरोहित आचार्य रामानुज त्रिपाठी वैदिक की अगुवाई में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच उन्हें गुरु गोरखनाथ मंदिर में श्रीनाथ जी एवं त्रेतायुग से प्रज्ज्वलित अखण्ड ज्योति का दर्शन कराया गया। इसके बाद फ्रांस के राजदूत ब्रह्मलीन महंत दिग्विजयनाथ एवं ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ की समाधि पर भी गए। इमैन्युएल ने मंदिर की गोशाला का निरीक्षण कर गाय के गोबर से बनाए जा रहे खाद के बारे में जानकारी ली।
डीएम देंगे निवेश का प्रस्ताव
गोरखनाथ मंदिर पहुंचे फ्रांस के राजदूत।
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होटल रेडिसन ब्लू के महाप्रबंधक अभिषेक कुमार सिंह ने बताया कि प्रशासनिक अधिकारियों और होटल प्रबंधन की ओर से नमस्कार के साथ फ्रांस के राजदूत का अभिवादन किया गया। सेफ मुकेश ने चॉकलेट की मदद से एफिल टॉवर बनाया। भारत व फ्रांस के झंडे के साथ चॉकलेट का एफिल टॉवर देखकर फ्रांस के राजदूत गदगद दिखे। होटल के सेफ को शाबाशी भी दी। महाप्रबंधक के मुताबिक फ्रांस के राजदूत ने भारतीय व्यंजनों का स्वाद लिया है।
डीएम के. विजयेंद्र पांडियन, फ्रांस के राजदूत को गोरखपुर में निवेश का प्रस्ताव देंगे। इसके लिए तैयारी कर ली गई है। जिले के औद्योगिक विकास एवं उद्यमियों को मिलने वाली सुविधाओं के मद्देनजर बुकलेट तैयार की गई है। इसमें गोरखपुर की रेल, सड़क और वायु मार्ग से कनेक्टिविटी के साथ शहर में स्वास्थ्य एवं सुरक्षा संबंधी सभी उपलब्ध सुविधाओं का जिक्र है। गोरखपुर मंडल के आसपास के धार्मिक एवं ऐतिहासिक महत्व के पर्यटन स्थलों से भी अवगत कराते हुए भविष्य की मेट्रो, इलेक्ट्रिक बसों के संचालन एवं सीएनजी-पीएनजी गैस सेवाओं का भी इस बुकलेट में जिक्र है।