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गोरखपुर विश्वविद्यालय : नए सत्र में 12,823 सीटों पर होगा प्रवेश

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गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में सत्र 2026-27 में पहली बार 10 हजार से अधिक सीटों पर प्रवेश लिए जाने की तैयारी है। इस बार रिकॉर्ड 12,823 सीटों पर प्रवेश लिया जाएगा। इसे लेकर तैयारियां लगभग पूरी कर ली गई हैं। अगले दो-चार दिन में ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू करने की योजना है।
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डीडीयू में पिछले सत्र में पहली बार 9,000 से अधिक सीटों पर प्रवेश के लिए आवेदन की प्रक्रिया शुरू की गई थी। तब 9462 सीटें प्रस्तावित की गई थीं। इस तरह देखा जाए तो पिछले वर्ष की तुलना में इस बार 3361 अधिक सीटों पर प्रवेश लिया जाएगा। पिछले वर्ष यूजी में 5214 सीटें थीं, जो इस बार बढ़कर 6112 हो गई हैं। पीजी में पिछले वर्ष 4248 सीटें थीं, जो इस बार बढ़कर 6711 हो गई हैं। कुछ नए विषय शुरू किए जाने और यूजी-पीजी में सीट वृद्धि से ऐसा हुआ है।

प्रवेश प्रकोष्ठ के निदेशक प्रो. हर्ष सिन्हा ने बताया कि बीए में पिछले वर्ष 2438 सीटें थीं। इस बार सेल्फ फाइनेंस मोड में 731 सीटें (30 प्रतिशत) बढ़ने के बाद कुल सीटों की संख्या 3169 हो गई है। इसी तरह बीए गणित में सीटें 300 से बढ़कर 360 हो गई हैं। बीएससी बायो में 30 सीटें बढ़कर 180 हो गई हैं। बीएससी होम साइंस में 50 से बढ़कर 60, बीजेएमसी में 66 से बढ़कर 86 हो गई हैं। बीएससी में बायोटेक्नोलॉजी के संयोजन के साथ 60 सीटों पर प्रवेश लिया जाएगा। इसके अलावा बीकॉम में 500 और बीएससी एजी में 225 सीटों पर प्रवेश लिया जाएगा।
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परास्नातक में कला संकाय के 22 पाठ्यक्रमों में नियमित की 1440 और सेल्फ फाइनेंस की 2282 सीटों (कुल 3722) पर प्रवेश लिया जाएगा। विज्ञान के नियमित के 24 पाठ्यक्रमों में 496 व सेल्फ फाइनेंस में 1069 सीटों (कुल 1565) पर प्रवेश लिया जाएगा। पीजी में इंजीनियरिंग में 162, कॉमर्स फैकल्टी में 540, विधि में 395, शिक्षाशास्त्र में 153, कृषि की 144 सीटों पर प्रवेश लिया जाएगा।


सेल्फ फाइनेंस मोड में 3988 सीटें

विश्वविद्यालय में सेल्फ फाइनेंस मोड में इस बार 3988 सीटों पर प्रवेश लिया जाएगा। अब तक प्रोफेशनल कोर्सेज जैसे- इंजीनियरिंग, प्रबंधन, फार्मेसी, कृषि, बीए एलएलबी, जर्नलिज्म व साइंस के कुछ विषयों में ही सेल्फ फाइनेंस मोड में कोर्स का संचालन किया जाता था। इस बार विज्ञान व कला वर्ग के सभी विषयों में सेल्फ फाइनेंस मोड में सीट वृद्धि की गई है।




बोलीं कुलपतिइस संबंध में कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने बताया कि छात्र हित में नियमति पाठ्यक्रमों में भी सेल्फ फाइनेंस मोड में सीट वृद्धि की गई है। इससे विश्वविद्यालय में प्रवेश के लिए छात्रों के पास अधिक अवसर होंगे। इस बार यूजी, पीजी व डिप्लोमा आदि की 12 हजार से अधिक सीटों पर प्रवेश लिया जाएगा।
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